सरवानिया महाराज। क्षेत्र में कड़ाके की ठंड के बीच सिंचाई हेतु बिजली आपूर्ति के समय में बदलाव से किसानों में भारी आक्रोश फैल गया है। पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड द्वारा रबी फसल के लिए जारी बिजली शेड्यूल में हाल ही में परिवर्तन किया गया है, जिससे किसानों को रात के समय कड़ाके की ठंड में सिंचाई करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।
किसानों का कहना है कि अधिकारी कार्यालय में बैठकर मनमाने ढंग से शेड्यूल तय कर देते हैं, जबकि धरातल पर हालात बेहद कठिन हैं। ठंड में रातभर खेतों में जागकर सिंचाई करना किसानों के लिए बेहद परेशानियों भरा हो गया है। ऐसे में उनकी समस्याओं को सुनने वाला कोई नहीं है।
बिजली शेड्यूल से उपजे आक्रोश के चलते किसानों ने पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड के सरवानिया महाराज कार्यालय पर प्रदर्शन किया और दिन में 10 घंटे नियमित बिजली आपूर्ति की मांग को लेकर कनिष्ठ अभियंता को ज्ञापन सौंपा।
प्रमुख काश्तकार डॉ. राजू पाल, सुरेश जाट, रामलाल राठौर, रामलखन राठौर, कमलसिंह सांखला, सोहन सिंह, जगदीश बैरागी, दिनेश राठौर, जितेंद्र राठौर, भगत पाल, चंचल पाटीदार, गोविंद पाल, विक्रम धनगर, लोकेन्द्र पाल, रामगोपाल, माणक राठौर, लालाराम, खुमान सिंह, जितेंद्र कहार, देवीलाल धनगर, श्रवण माली, दीपक राठौर, समरथ सिंह सहित अन्य किसानों ने बताया कि सरवानिया महाराज, कलेपूर, आकली आमलीभाट व मोड़ी क्षेत्र में बिजली आपूर्ति अत्यंत कम और अनियमित है, जिससे फसलें सूखने की कगार पर हैं और किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।
किसानों ने मांग की कि रबी फसल के लिए दिन में कम से कम 10 घंटे नियमित विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित की जाए।
अधिकारी का बयान
इस संबंध में कनिष्ठ अभियंता प्रवीण कुमार सांवरिया ने बताया कि किसानों की मांगों से वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया जाएगा तथा मांग पत्र को बाय चौनल हेड ऑफिस इंदौर भेजा जा रहा है। ऊपर से आदेश आने पर शेड्यूल में परिवर्तन किया जाएगा। किसानों को आश्वासन दिया गया है कि समस्या के समाधान का प्रयास किया जाएगा।