खरगोन। कसरावद तहसील क्षेत्र के देव ग्राम गुजारी में आयोजित तीन दिवसीय सत्संग कार्यक्रम का समापन दीप यज्ञ के साथ हुआ। कार्यक्रम में गायत्री परिवार के वक्ता रामलाल पटेल ने व्यासपीठ से कहा कि आज विश्व के कई देशों में युद्ध जैसे हालात बने हुए हैं, लेकिन भारत में धर्म-कर्म की पूर्ण स्वतंत्रता और शांति का वातावरण है। उन्होंने इसे भारत की आध्यात्मिक और गौरवशाली सांस्कृतिक विरासत का परिणाम बताया।
पटेल ने समाज में फैल रही रूढ़िवादी मान्यताओं को दूर करने के लिए विवेकपूर्ण सोच अपनाने की आवश्यकता पर जोर दिया। युवाओं को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि आज समाज को वीर शिवाजी, महाराणा प्रताप, राणा सांगा, संभाजी, भगवान राम और भगवान कृष्ण जैसी प्रेरणादायी संतानों की जरूरत है, जो राष्ट्र गौरव को आगे बढ़ा सकें।
मातृशक्ति को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि घर को स्वर्ग समान बनाने के लिए सास को मां का दर्जा और बहुओं को बेटी का सम्मान देना आवश्यक है।
दीप यज्ञ में सैकड़ों दीप प्रज्वलित
होली के पावन अवसर पर रात्रि में दीप यज्ञ का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों दीप जलाकर सुख-शांति की मंगलकामना की गई। गायत्री मंत्र और महामृत्युंजय मंत्र की आहुतियों के माध्यम से ग्राम सहित संपूर्ण विश्व के कल्याण की प्रार्थना की गई। इस दौरान युवाओं को नशामुक्त रहने का सामूहिक संकल्प भी दिलाया गया।
गांव की उन्नति और विकास के लिए युवा मंडल, महिला मंडल और प्रज्ञा मंडलों का गठन किया गया। कार्यक्रम में रघुवीर पटेल ने युग संगीत प्रस्तुत किया, जबकि संचालन बलीराम पटेल ने किया। तीन दिवसीय आयोजन में ओझरा चेतना केंद्र के कार्यकर्ताओं का सराहनीय सहयोग रहा।
पंच कुंडीय गायत्री महायज्ञ की पूर्णाहुति
गुजारी में चल रहे तीन दिवसीय पंच कुंडीय गायत्री महायज्ञ की सोमवार सुबह पूर्णाहुति हुई। यज्ञ में गांव के सभी 60 घरों के दंपतियों ने आहुतियां समर्पित कीं। इस अवसर पर 60 पुरुषों और 90 महिलाओं ने युग ऋषि पं. श्रीराम शर्मा आचार्य को अपना गुरु वरण करते हुए गुरु दीक्षा ली। यज्ञ कर्मकांड खरगोन के गायत्री पुरोहित दीपक बार्चे द्वारा संपन्न कराया गया।