कुकड़ेश्वर। बरलाई ग्रीट से चचोर तक बिछाई जा रही 11 केवी विद्युत लाइन स्थानीय निवासियों और राहगीरों के लिए गंभीर खतरे का संकेत बन गई है। कार्यदायी संस्था E.S.P.A.M. कंपनी द्वारा सुरक्षा मानकों की अनदेखी के कारण क्षेत्र में आक्रोश व्याप्त है।
सड़क की सीमा पर खतरा-
ग्रामीणों और राहगीरों का आरोप है कि कंपनी ने विद्युत पोल स्थापित करते समय रोड की निर्धारित सीमा का पालन नहीं किया। लाइन सड़क के इतने पास है कि किसी वाहन के असंतुलित होने पर बड़ा हादसा हो सकता है।
सुरक्षा मानकों की अनदेखी-
- सुरक्षा जाली (Guard Mesh) जो घनी बस्तियों और रोड क्रॉसिंग पर अनिवार्य है, यहाँ नहीं लगाई गई।
- कवर कंडक्टर (Covered Conductor) का उपयोग नहीं किया गया, जिससे शॉर्ट सर्किट या टूटे तार से हादसा होने का जोखिम बना हुआ है।
स्थानीय नागरिकों घीसालाल, मगीलाल, उदय राम और भानु प्रताप ने बताया कि रोड के पास लगे खंभे और खुले तार किसी भी समय गंभीर दुर्घटना का कारण बन सकते हैं।
जनता की मांग-
निवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि लाइन को सड़क से सुरक्षित दूरी पर शिफ्ट किया जाए और रहवासी इलाकों में सुरक्षा जाली व कवर कंडक्टर तुरंत लगाए जाएं।
अधिकारियों का बयान-
बरलाई ग्रीट के सुपरवाइजर प्रभात मोगा ने कहा कि कंपनी को अवगत करा दिया गया है, लेकिन धरातल पर अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
मनासा के विद्युत अधिकारी शैलेंद्र गुप्ता ने बताया कि विभाग खंभों और लाइन की पूरी स्थिति की जांच करेगा और यदि खंभे गलत जगह लगाए गए हैं तो उन्हें शिफ्ट कर सुरक्षित स्थान पर लगाया जाएगा।
यह समस्या न केवल राहगीरों बल्कि आसपास के निवासियों के लिए भी गंभीर जोखिम पैदा कर रही है, इसलिए जल्द समाधान की उम्मीद जताई जा रही है।