कसरावद। अखिल विश्व गायत्री परिवार शांतिकुंज हरिद्वार के मार्गदर्शन में कसरावद के ग्राम सोनखेड़ी (रायपुरा) में नौ कुंडीय गायत्री यज्ञ और पावन प्रज्ञा पुराण कथा की शुरुआत शनिवार को भव्य कलश एवं सद्ग्रंथ शोभायात्रा के माध्यम से हुई। कलश यात्रा में आसपास के क्षेत्र के सैकड़ों श्रद्धालु भाई-बहनों ने भाग लिया।
गांव के दंपतियों ने सिर पर सदग्रंथ और बहनों ने कलश धारण कर ग्राम में भ्रमण किया। युवाओं की टोलियां हम बदलेंगे युग बदलेगा और हम सुधरेंगे युग सुधरेगा के जयघोष से यात्रा में जनजागरण करते चल रहे थे। युवा बहनों की टोलियां गायत्री माता के सुमधुर भजनों से सबका मन मोह रही थीं। हाथ में पीली झंडियां लहराते बच्चे सनातन संस्कृति का उदघोष करते जा रहे थे। शोभायात्रा में गायत्री माता, राधा कृष्ण और राम दरबार की झांकियां सबके आकर्षण का केंद्र रही। पूरे गांव का भ्रमण कर यात्रा वापस कार्यक्रम स्थल पहुंची जहां देव पूजन और गायत्री माता की आरती हुई।
शाम को 8रू00 बजे से पावन प्रज्ञा पुराण कथा प्रारंभ हुई। शांतिकुंज हरिद्वार से प्रशिक्षित टोली में सुमधुर संगीत रघुवीर पटेल ,शिव राठौर, सत्यम धनगर, और कल्याण पाटीदार ने दिया। मुख्य कथा वाचक रामलाल पटेल ने पावन प्रज्ञा पुराण कथा के प्रथम दिन के संदेश में कहा कि कथा वह होती है जो मनुष्य की व्यथा को दूर करे ,समस्याओं का समाधान करे और जीवन को श्रेष्ठ मार्ग पर चलने का रास्ता दिखाए।