देवास। जिले में मनरेगा योजना के तहत कार्यरत संविदा अधिकारी, कर्मचारी और ग्राम रोजगार सहायक पिछले चार माह से मानदेय न मिलने से नाराज हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर तत्काल भुगतान की मांग की है और चेतावनी दी है कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो वे आंदोलन करेंगे।
कर्मचारियों का कहना है कि वे महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) जैसी महत्वपूर्ण सरकारी योजना को पूरी निष्ठा से संचालित कर रहे हैं। इसके बावजूद उन्हें समय पर मानदेय नहीं मिल रहा है, जिससे उन्हें और उनके परिवारों को गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है।
धरना-प्रदर्शन किया जाएगा
लगातार चार महीने से भुगतान न होने के कारण दैनिक खर्च, बच्चों की पढ़ाई, स्वास्थ्य सेवाएं और अन्य आवश्यक जरूरतों को पूरा करना बेहद कठिन हो गया है। कर्मचारियों ने इस स्थिति को अत्यंत गंभीर और दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है।
ज्ञापन में कर्मचारियों ने प्रशासन से दो प्रमुख मांगें रखी हैं पहला, लंबित चार माह का मानदेय तत्काल जारी किया जाए, और दूसरा, भविष्य में नियमित और समयबद्ध भुगतान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि जल्द ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो वे लोकतांत्रिक तरीके से धरना-प्रदर्शन, कार्य बहिष्कार और आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।