चित्तौड़गढ़। राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जयपुर एवं जिला एवं सेशन न्यायाधीश (अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण चित्तौड़गढ़) मानसिं चूण्डावत के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव एवं अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश सुनील कुमार गोयल द्वारा एक मई को अन्तर्राष्ट्रीय मजदूर दिवस के अवसर पर चित्तौड़गढ़ स्थित मजदूरों की चौखटी एवं सांवरिया विश्रांति गृह पर विधिक जागरूकता षिविर का आयोजन किया गया। सचिव गोयल ने मजदूरों से वार्तालाप कर उनकी समस्याएं सुनी एवं समस्याओं का निराकरण करने का आश्वासन दिया। सचिव गोयल ने मजदूरों को रोजगार के अधिकार, असंगठित मजदूरों के अधिकार, न्यूनतम मजदूरी अधिनियम, कामगार मुआवजा और अन्य संबंधित श्रम कानूनों पर सरकार की विभिन्न जागरूकता शिविरों में पंजीकरण हेतु जानकारी दी। सचिव महोदय ने यह भी बताया कि बाल मजदूरी एक अपराध है इसलिए उन्होंने मजदूरों को समझाया कि वे अपने बच्चों से बाल मजदूरी न करवाकर उन्हें शिक्षा प्राप्त करने के लिए विद्यालय भेजें। सचिव महोदय ने मजदूरों को किसी भी प्रकार की विधिक सहायता हेतु नालसा हेल्पलाईन 15100 के बारे में जानकारी प्रदान की। पैनल अधिवक्ता भारती गहलोत ने भी श्रमिकों को उनके अधिकारों से अवगत कराते हुए रालसा द्वारा संचालित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं यथा जागृति स्कीम, संवाद स्कीम, डान स्कीम, मानव वन्यजीव संघर्ष स्कीम, पीड़ित प्रतिकर स्कीम, विधिक सहायता, कानूनी सलाह, राष्ट्रीय लोक अदालत, साइबर फ्रॉड रोकथाम एवं अन्य विधिक सेवाओं से उपस्थित जन को अवगत करवाया। इन शिविरों के दौरान अधिवक्ता आयुषी गहलोत, डॉ नरेन्द्र गुप्ता डिरेक्टर प्रयास संस्थान, प्रयास संस्थान से रामेश्वर शर्मा एवं मजूदर उपस्थित रहे।