नीमच। डिजिटल युग में विद्यार्थियों को भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करने के उद्देश्य से भारत विकास परिषद् मुख्य शाखा, नीमच द्वारा "AI for Your Future – एआई का उपयोग अपने भविष्य के लिए" विषय पर दो दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला का आयोजन सरस्वती शिशु विद्या मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय एवं कारमेल कॉन्वेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल में किया गया, जिसमें 150 से अधिक विद्यार्थियों ने भाग लिया।
कार्यशाला में संयुक्त राज्य अमेरिका से आईं एआई विशेषज्ञ अरुषा गोयल ने विद्यार्थियों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की आधुनिक तकनीकों, उसके व्यावहारिक उपयोग और जिम्मेदार इस्तेमाल के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि एआई केवल एक तकनीक नहीं, बल्कि भविष्य की सबसे प्रभावशाली कार्यशक्ति है, जो शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, पत्रकारिता, व्यवसाय और रोजगार सहित अनेक क्षेत्रों में नए अवसर सृजित कर रही है।
उन्होंने ChatGPT, Gemini और Claude जैसे जनरेटिव एआई प्लेटफॉर्म का लाइव प्रदर्शन करते हुए प्रभावी प्रॉम्प्ट तैयार करने, डेटा विश्लेषण, रचनात्मक समस्या समाधान तथा करियर निर्माण में एआई के उपयोग की जानकारी दी। साथ ही एआई के नैतिक एवं जिम्मेदार उपयोग पर भी विशेष जोर दिया। संवादात्मक सत्र में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक प्रश्न पूछे, जिनका विशेषज्ञ द्वारा समाधान किया गया।
कार्यशाला के प्रथम दिवस सरस्वती शिशु विद्या मंदिर में दीप प्रज्ज्वलन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। दूसरे दिन कारमेल कॉन्वेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल में आयोजित सत्र का शुभारंभ प्राचार्य सिस्टर सौम्या ने किया।
कार्यक्रम के सफल आयोजन में भारत विकास परिषद् के अध्यक्ष पुरुषोत्तम गुप्ता, सचिव सतीश गोयल, संदीप दरक, संजय डांगी, मनोज माहेश्वरी सहित परिषद् के पदाधिकारियों तथा दोनों विद्यालयों के शिक्षकों एवं कंप्यूटर स्टाफ का महत्वपूर्ण योगदान रहा।