कंजार्डा। कक्षा 5वीं और 8वीं की परीक्षा में जिस विद्यालय के विद्यार्थी परीक्षा केंद्र पर आते है उस विद्यालय से एक शिक्षक की उपस्थिति परीक्षा में होना चाहिए ताकि उस विद्यालय से कभी विद्यार्थी अनुपस्थित हो तो सूचना मिल सके।
पहले भी कंजार्डा संकुल केंद्र पर एक विद्यार्थी अनुपस्थित रहा, जिसकी सूचना परीक्षा प्रभारी ने संबंधित संस्था को जानकारी नहीं दी। छोटी सी लापरवाही के कारण उस विद्यार्थी का पूरा वर्ष बर्बाद हो गया। जबकि पहले बोर्ड परीक्षाओं में भी अशासकीय विद्यालय के शिक्षकों की ड्यूटी लगाई जाती थी। लेकिन पिछले वर्ष एक भी अशासकीय विद्यालय के शिक्षक की ड्यूटी नहीं लगाई गई। जब परीक्षा केंद्र पर अपने बच्चों को बिठाने गए थे तो परीक्षा केंद्र प्रभारी ने उन्हें बाहर का रास्ता दिखाया। जबकि परीक्षा केंद्र की बागडोर उनके हाथ में दी जाती है जो अनुभव भी हो। लेकिन पिछले वर्ष जिन्हें अनुभव नहीं था उन्हें परीक्षा केंद्र प्रभारी बनाया गया। जिला शिक्षा अधिकारी इस ओर ध्यान देकर परीक्षा केंद्रों पर अशासकीय विद्यालयों के शिक्षकों की भी उपस्थिति दर्ज करावे, ताकि विद्यार्थियों को होने वाली परेशानियों के सामना न करना पड़े।