नीमच। जिले के पास स्थित अभी नई बनी गौशाला श्री राधा कृष्ण गौशाला के नाम से जो कि ग्राम पंचायत सेमली चंद्रावत में है उससे कुछ किलोमीटर दूर स्थल मोडी माताजी में दो-तीन दिन से गाय बीमार रूप से पड़ी थी, जिसकी सूचना गौ रक्षा दल के सरवानिया महाराज टीम के सदस्यों को लगी तो वह तुरंत निजी वाहन लेकर मोडी माताजी पहुंचे। वहां से गाय को सेमली चंद्रावत गौशाला ले गए। वहां पहुंचते ही देखा तो गौशाला के गेट पर ताला लगा हुआ मिला। पास में मिस्त्री का कार्य कर रहे हैं। मजदूरों से जानकारी ली तो बोला रसीद कटवा कर गौशाला में उतार दो रसीद कटवाने के लिए उनके पास ताले की चाबी थी पर ऐसे गौ सेवक जो जमीनी स्तर पर गौ माता के लिए कार्य कर रहे हैं उनके लिए उन्होंने गेट नहीं खोला उनके जवाब कुछ इस तरह होने लग गए ताला कि चाबी लेकर कोई प्रतिक्षाला के पास आदमी बैठा है उनको बुला कर लावो गौशाला के बाद संबंधित नंबर लिखे हुए थे वह भी बंद आए फिर सरवानिया महाराज के गौ भक्तों द्वारा अपने निजी प्लांट में खोल रखी की गौ उपचार शाला ले गए वह पर 1962 एंबुलेंस को कॉल कर कर बुलाया व गाय का उपचार चालू करवाया एक तरफ मोहन सरकार गौ रक्षा संकल्प मनाने की बात करती हैं और दूसरी तरफ एमपी के नीमच जिलों में गौशालाऔ पर ऐसे ताले लगे हुए रहते हैं तो कहां से गौ माता बचेगी और कहां से 1 वर्ष के लिए गौ रक्षा संकल्प मनाया जाएगा शासन प्रशासन के जिम्मेदार अधिकारी ध्यान देवे।