नीमच। हाय रे पानी.. नीमच के हर इलाके में यही स्वर पेयजल संकट से पीड़ित जनता के मुखर हो रहे है। सबसे बड़ी दिक्कत यह है कि पानी की समस्या उन बस्तियों और मोहल्ले में ज्यादा आ रही है,जो पिछड़े हुए हैं। जहां मध्यम और गरीब वर्ग के लोग ज्यादा रहते हैं। मजदूरी करने वाले और किसानी काम करने वाले लोग निवास करते हैं। वार्ड नंबर 18 के एकता कॉलोनी की भी यही कहानी है। जहां-जहां वॉइस आफ एमपी की टीम पहुंची वहां लोगों ने बताया कि पानी चार दिन या 5 दिन में आता है। लेकिन नगरपालिका के जिम्मेदारों का कहना है कि पानी दो दिन में सप्लाई हो रहा है। वार्ड नंबर 18 में हैंड पंप खराब पड़े हुए हैं। पानी 20-25 मिनट के लिए आता है। अपनी चर्चा में लोगों ने कहा कि पेयजल संकट को देखते हुए नगरपालिका के जिम्मेदार लोगों को जमीन पर उतरकर समय रहते योजनाबद्ध व्यवस्था बिठाना चाहिए थी। लेकिन केवल कमरों में बैठकर मीटिंग करके कर्तव्य की इति श्री कर ली गई। वार्ड नंबर 18 में चर्चा के दौरान यह बात फिर सामने आई कि जाजू सागर से पानी चोरी रोकी जाती तो आज बदहाली की स्थिति नहीं बनती। लेकिन जिम्मेदार हाथ पैर हाथ धरे बैठे हैं। उनकी सोच है कि जैसे तैसे रोते गाते समय बीत जाएगा।पीड़ित जनता सब बर्दाश्त कर लेगी और फिर वोट डालने दौड़ पड़ेगी।