गरोठ। कोटडाबुजुर्ग के समीप पोलाडोंगर नाम से एक पहाडी है। यहां उस पहाडी के उपर गुफा में अतिप्राचीन काल से एक बडी व अद्भुत भोलेनाथ की मूर्ती स्थापित है। यहां हर साल हरियाली अमावस्या पर एक दिवसीय मेला का आयोजन किया जाता है। आसपास के क्षेत्र से सैंकड़ों की संख्या लोग यहां दर्शन करने आते हैं।
ये शेलेत्किण पोलाडोंगर है। ये गरोठ मंदसौर जिले के अंतर्गत आता है। यह क्षेत्र मध्यप्रदेश राज्य सरकार द्वारा संरक्षित है। यह एक बडा अद्भुत रहस्यमय है जो प्रत्येक व्यक्ति को रोमांचित करता है। यहां मेले में कई प्रकार की दुकानें बच्चों के मनोरंजन झुले व मिक्की माउस, मिष्ठानों को लेकर कई विभिन्न प्रकार की दुकानंे लगती है।
इसको पोलाडोंगर इसलिए कहा जाता है कि यहां पूरे डोगर में बड़ी-बड़ी गुफाए हैं। इसलिए इसको पोलाडोंगर के नाम से जाना जाता है। यहां ऐसा कहा जाता है कि यहां पांडव एक रात रुककर गये थे।