गरोठ। क्षेत्र में बारिश की लंबी खेंच और सूखे जैसे हालात को देखते हुए तहसील के ग्राम कोटड़ाबुजुर्ग में ग्रामीणों ने अच्छी वर्षा एवं खुशहाली की कामना के साथ पारंपरिक खेड़ादेवता पूजन किया। ग्रामीणों ने गांव की सुख-समृद्धि, कृषि उन्नति और समय पर वर्षा होने की प्रार्थना की।
परंपरा के अनुसार गांव के बुजुर्गों, युवाओं एवं महिलाओं ने खेड़ादेवता स्थल पर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। इस दौरान महिलाएं कलश लेकर पहुंचीं तथा देवस्थान पर नारियल, पुष्प और अगरबत्ती अर्पित कर मंगल कामनाएं कीं।
ग्रामीणों का मानना है कि खेड़ादेवता गांव के रक्षक देवता हैं। वर्षों पुरानी परंपरा के अनुसार जब क्षेत्र में वर्षा नहीं होती या फसलों पर संकट के बादल मंडराते हैं, तब खेड़ादेवता की विशेष पूजा-अर्चना की जाती है। ऐसी मान्यता है कि इससे इंद्रदेव प्रसन्न होते हैं और क्षेत्र में अच्छी वर्षा होती है।
पूजन के पश्चात प्रसाद वितरण किया गया तथा सभी ग्रामीणों ने एक स्वर में बेहतर बारिश और समृद्ध फसल की कामना की। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिला, पुरुष एवं बच्चे उपस्थित रहे।
उल्लेखनीय है कि क्षेत्र में पिछले कई दिनों से पर्याप्त वर्षा नहीं होने के कारण किसान चिंतित हैं और खरीफ फसलों की बुवाई प्रभावित हो रही है। इसी को लेकर ग्रामीणों ने आस्था और विश्वास के साथ यह धार्मिक आयोजन किया।