कुकड़ेश्वर। आज करवा चौथ के मौके पर देश भर में हजारों महिलाएँ अपने पति की लंबी उम्र और खुशहाली के लिए व्रत रखेंगी और पूजा-अर्चना करेंगी। करवा चौथ एक पारंपरिक हिंदू त्योहार है, जिसमें विवाहित महिलाएं पूरे दिन निर्जला व्रत रखती हैं और रात में चंद्रमा को देखकर व्रत तोड़ती हैं। इस दिन महिलाएं सजधज कर दुल्हन की तरह तैयार होती हैं और सोलह श्रृंगार करती हैं।
करवा चौथ विशेष रूप से उत्तर भारत के राज्यों जैसे उत्तर प्रदेश, राजस्थान, पंजाब, हरियाणा, और दिल्ली में बड़े धूमधाम से मनाया जाता है। व्रत की पूजा के दौरान महिलाएँ कथा सुनती हैं और करवा (मिट्टी का बर्तन) में जल भरकर भगवान गणेश और चंद्र देव की पूजा करती हैं। करवा चौथ का यह पर्व पति-पत्नी के बीच प्रेम और समर्पण का प्रतीक माना जाता है।