मंदसौर। गांधीसागर रिट्रीट फेस्टिवल के उद्घाटन कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की सुरक्षा में गंभीर चूक सामने आई। शनिवार सुबह, सीएम हॉट एयर बैलून में सवार हुए, लेकिन उड़ान भरते ही तेज हवा के कारण बैलून खतरनाक तरीके से झूलने लगा। बर्नर की आग बैलून के कपड़े तक फैल गई, जिसे सुरक्षाकर्मियों ने समय रहते नियंत्रित कर सीएम को सुरक्षित नीचे उतारा।
जाँच में यह भी खुलासा हुआ कि बैलून उड़ाने वाली कंपनी और पायलट पिछले तीन साल में सैकड़ों उड़ानें दे चुके हैं, लेकिन कंपनी के पास डीजीसीए से एयर ऑपरेटर परमिट नहीं है और पायलट के पास बैलून पायलट लाइसेंस भी नहीं है।
नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) के नियमों के अनुसार हॉट एयर बैलून उड़ाने के लिए पायलट और कंपनी दोनों के पास वैध लाइसेंस होना अनिवार्य है। बैलून में प्रोपेन गैस का उपयोग होता है, और हवा तेज होने पर कपड़े में आग लगने का खतरा बढ़ जाता है।
कंपनी और पायलट ने दावा किया कि कम ऊंचाई पर उड़ान में लाइसेंस की आवश्यकता नहीं होती। पायलट इरफान ने कहा मेरे पास 8 साल का अनुभव है, वहीं इवेंट कंपनी के मैनेजर सौरभ गुप्ता ने बताया कि बैलून को उड़ाने के लिए हवा को गर्म करना जरूरी है।
मंदसौर कलेक्टर अदिति गर्ग ने कहा कि मौके पर हादसे जैसा कुछ नहीं हुआ और सुरक्षा में कोई चूक नहीं हुई।