नीमच। सिंगोली तहसील के ग्राम झातला में एक डॉक्टर पर प्रतिबंधित और गलत इंजेक्शन लगाकर अस्थमा रोगी की जान को खतरे में डालने का गंभीर आरोप लगा है। पीड़ित के पुत्र अशोक कुमार धाकड़ ने इस संबंध में कलेक्टर नीमच को जनसुनवाई में लिखित शिकायत सौंपते हुए आरोपी डॉक्टर और उसके परिवार पर सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
शिकायत के अनुसार, अशोक कुमार के पिता शंभूलाल धाकड़ का पिछले 20 वर्षों से झातला निवासी डॉ. बलवीर सिंह राठौर के क्लीनिक पर इलाज चल रहा था। हाल ही में पता चला कि डॉक्टर मरीज को अस्थमा के नाम पर AVIL, BETNESOL, TRAMADOL, LARIGO और DEXONA जैसे नशे और नींद लाने वाले इंजेक्शन लगा रहे थे, जिनमें से कई दवाएं प्रतिबंधित श्रेणी में आती हैं।
अशोक कुमार ने बताया कि जब उन्होंने डॉक्टर से इस बारे में सवाल किया तो डॉक्टर, उनकी पत्नी और बच्चों ने विवाद किया, गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी। यहां तक कि डॉक्टर की पत्नी ने शिकायत न करने के लिए एक लाख रुपये का लालच भी दिया।
गलत इलाज से शंभूलाल की हालत बिगड़ने पर उन्हें उदयपुर के गीतांजलि अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां डॉक्टरों ने बताया कि लंबे समय से चल रहे गलत इलाज के कारण उनके फेफड़े लगभग खराब हो चुके हैं और अब इलाज संभव नहीं है। अशोक कुमार धाकड़ ने कलेक्टर से अनुरोध किया है कि डॉ. बलवीर सिंह राठौर के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए और उनके परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए।