नीमच। “आईए एकता के लिए चलें, राष्ट्र के उत्थान के लिए जगें।” इसी जोश और जज़्बे के साथ रविवार को पूरा नीमच सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती के रंग में सराबोर नजर आया। लौह पुरुष के आदर्शों और एक भारत के उनके सपने को साकार करने के संदेश के साथ धनेरिया कला से 10 किलोमीटर लंबा यूनिटी मार्च निकाला गया।
मार्च का नेतृत्व सांसद सुधीर गुप्ता ने किया। उनके साथ मंच पर नीमच विधायक दिलीप सिंह परिहार, जावद विधायक ओमप्रकाश सकलेचा, वंदना खंडेलवाल, स्वाति चोपड़ा, शारदा धनगर, उमराव सिंह गुर्जर, जनप्रतिनिधि तथा जिला पंचायत सीईओ अमन वैष्णव मौजूद रहे। यूनिटी मार्च शुरू होने से पूर्व सीआरपीएफ सर्कल स्थित सरदार वल्लभभाई पटेल की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया।
धनेरिया कला में मंचासीन अतिथियों ने कहा कि सरदार पटेल भारत की एकता और अखंडता के प्रतीक हैं। आज भारत आत्मनिर्भर और सशक्त तभी बनेगा, जब समाज का हर वर्ग एक साथ खड़ा होगा।
मार्च के दौरान “सरदार पटेल अमर रहें” और “वंदे मातरम” के नारे पूरे मार्ग में गूंजते रहे। युवा, किसान, महिलाएं और बच्चे तिरंगा लहराते हुए एकता और देशभक्ति का संदेश दे रहे थे। रास्ते में जगह-जगह लोगों ने फूलों की वर्षा कर प्रतिभागियों का स्वागत किया।
गौरतलब है कि सीआरपीएफ की जन्मस्थली नीमच का सरदार वल्लभभाई पटेल से गहरा संबंध है। स्वतंत्र भारत के प्रथम गृहमंत्री एवं उपप्रधानमंत्री रहे पटेल ने 1950 में इस अर्धसैनिक बल को “सेंट्रल रिज़र्व पुलिस फोर्स (CRPF)” नाम दिया था। इसी ऐतिहासिक पृष्ठभूमि को ध्यान में रखते हुए आयोजन का विशेष महत्व रहा।
यूनिटी मार्च के साथ-साथ दिनभर मातृत्व शक्ति सम्मेलन, युवा सम्मेलन, सामाजिक कार्यकर्ता सम्मेलन, किसान एवं व्यापारी सम्मेलन सहित कई कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। पदयात्रा के दौरान महापुरुषों की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण किया गया तथा “मेरा युवा भारत” अभियान के तहत “एक भारत, सशक्त भारत, आत्मनिर्भर भारत” का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम के शुभारंभ पर राष्ट्रीय एकता की शपथ दिलाई गई। संचालन आदित्य मालू ने किया।