नीमच। जिले में 12 नवम्बर से 28 फरवरी 2025 तक सांस अभियान आयोजित किया जा रहा हैं। इस अभियान में स्वास्थ्य कार्यकर्ता, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी एवं आशा कार्यकर्ता समुदाय में निमोनिया की जल्द पहचान करने के लिये विशेष अभियान चलाएंगे। समुदाय में जागरूकता गतिविधियां आयोजित करेंगे।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आरके खद्योत ने बताया कि सर्दीयों के समय में नवजात शिशुओ को निमोनिया होने की अत्याधिक संभावना रहती है। ग्रामीण क्षेत्र में जागरूकता की कमी के कारण समय पर बच्चें स्वास्थ्य संस्थाओं पर नही पहुचं पाते है, ऐसे बच्चों को अस्पताल पहुंचाने के लिये विशेष चिंहांकन अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान शुभारंभ जिला चिकित्सालय के नवजात शिशु गहन चिकित्सा ईकाई से किया गया। जहां पर नवजात शिशुओ एवं धात्री महिलाओं को जिला टीकाकरण अधिकारी डा.मनीष यादव एवं एस.एन.सी.यू. प्रभारी डा. प्रशांत राठौर ने कंगारू मदर केयर, स्तनपान, टीकाकरण, व्यक्तिगत स्वच्छता, निमोनिया के लक्षण, बचाव एवं उपचार के संबंध में जानकारी दी।
इस अवसर पर डी.सी.एम. चन्द्रपाल सिहं राठौर ने नवजात शिशुओं की आशा द्वारा की जाने वाली गृह भेंट एवं सेवाओं के साथ ही एस.एन.सी.यू.से डिस्चार्ज बच्चों के फालोअप के बारे में बताया। सांस अभियान में जिले से ग्राम आरोग्य केन्द्र स्तर तक निमोनिया एवं दस्त रोग से होने वाली मृत्यु को रोकने के लिये जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किये जावेंगे।