मंदसौर। शिवना नदी के तट पर स्थित अष्टमुखी भगवान पशुपतिनाथ मंदिर परिसर में लगभग 25 करोड़ रुपये की लागत से विकसित किया जा रहा पशुपतिनाथ लोक अब अपने अंतिम चरण में पहुंच गया है। अधिकांश निर्माण कार्य पूर्ण हो चुके हैं, जबकि शेष कार्यों को तेजी से पूरा किया जा रहा है।
हाल ही में कलेक्टर अदिति गर्ग ने मध्यप्रदेश टूरिज्म विभाग के अधिकारियों के साथ पशुपतिनाथ लोक में चल रहे निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने बताया कि लोक निर्माण से जुड़े सभी कार्य अंतिम चरण में हैं और इन्हें शीघ्र पूर्ण कर लिया जाएगा।
निकासी, लाइटिंग व फाइनल चेकिंग का कार्य जारी-
कलेक्टर ने जानकारी दी कि वर्तमान में निकासी व्यवस्था, वॉशिंग, लाइटिंग तथा फाइनल चेकिंग का कार्य प्रगति पर है। उन्होंने निर्माण एजेंसी को गुणवत्ता एवं समय-सीमा का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए।
पानी के बहाव को ध्यान में रखकर निर्माण के निर्देश-
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने निर्देश दिए कि फर्श निर्माण कार्य पानी के प्राकृतिक बहाव को ध्यान में रखते हुए किया जाए। साथ ही पिलर निर्माण की मजबूती, रंगों की समानता तथा पत्थरों की सुदृढ़ जोड़ाई सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि हवा और पानी से किसी प्रकार की क्षति न हो।
प्लांटेशन और हाई मास्ट लाइटिंग पर विशेष जोर-
कलेक्टर ने परिसर में प्लांटेशन कार्य और हाई मास्ट लाइटिंग की व्यवस्था पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जहां अंधेरा है, वहां हाई मास्ट लाइट अनिवार्य रूप से लगाई जाए। इसके साथ ही रुद्राक्ष स्ट्रक्चर, थिएटर, ऐतिहासिक दीवार, ड्रेनेज, पाइपलाइन सहित अन्य शेष निर्माण कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए।
हर इंच भव्य और आकर्षक होरू कलेक्टर-
कलेक्टर अदिति गर्ग ने कहा कि पशुपतिनाथ लोक का हर इंच सुंदर, भव्य और आकर्षक दिखाई दे, इस पर विशेष फोकस किया जा रहा है। उन्होंने परिसर में पड़े अनुपयोगी सामान को तुरंत हटाने, केमिकल ड्राय का कार्य शीघ्र पूर्ण करने और बिजली से संबंधित शेष कार्यों को जल्द पूरा करने के निर्देश भी दिए। प्रशासन के अनुसार, शेष कार्य पूर्ण होते ही पशुपतिनाथ लोक श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए एक भव्य, सुव्यवस्थित एवं आकर्षक धार्मिक-पर्यटन स्थल के रूप में विकसित होगा।