प्रतापगढ़। शहर में 31 दिसंबर की रात कांग्रेस के एक पार्षद एवं उनके पिता के साथ कथित रूप से थानाधिकारी द्वारा निजी लोगों के साथ मिलकर मारपीट किए जाने का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। घटना को लेकर राजनीतिक एवं सामाजिक संगठनों में भारी आक्रोश व्याप्त है।
सोमवार को तिरंगा चौराहे से एक रैली के रूप में पूर्व विधायक रामलाल मीणा, अंजुमन फुरकानिया के सदर खान सेद खान सहित विभिन्न समुदायों के हजारों लोग जिला कलेक्टर कार्यालय एवं पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने थानाधिकारी दीपक बंजारा के खिलाफ नारेबाजी करते हुए ज्ञापन सौंपा।
मामले को लेकर अंजुमन फुरकानिया, कांग्रेस कार्यकर्ताओं एवं पीड़ित पक्ष के परिजनों ने जिला कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन देकर दोषी पुलिस अधिकारियों व अन्य आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
पूर्व विधायक रामलाल मीणा ने पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि वर्तमान भाजपा शासनकाल में अवैध वसूली का खेल चल रहा है, जिसमें रसूखदारों को संरक्षण दिया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ता के दबाव में पुलिस आमजन और जनप्रतिनिधियों के साथ अन्याय कर रही है।
रामलाल मीणा ने चेतावनी दी कि यदि 7 दिनों के भीतर निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो पुलिस अधीक्षक कार्यालय का घेराव किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पुलिस की मनमानी और कथित अवैध वसूली पर तत्काल रोक लगाई जानी चाहिए, अन्यथा जनता को सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
उधर, इस घटना को लेकर शहर में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है। पीड़ित पक्ष न्याय की मांग कर रहा है, वहीं प्रशासनिक कार्रवाई को लेकर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं।