BREAKING NEWS
KHABAR : शाजापुर कोतवाली पुलिस की बड़ी कार्रवाई,.. <<     शाजापुर पुलिस की बड़ी कामयाबी,रुल्की कंजर.. <<     KHABAR : ब्लॉक कांग्रेस कमेटी मनासा के नेतृत्व.. <<     KHABAR : इलेक्ट्रिशियन के मेधावी बेटे को मिला.. <<     KHABAR : इंदौर के सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल में.. <<     BIG REPORT : शासनाधीन देव स्थलो के सुव्यवस्थित.. <<     KHABAR : मिशन वात्सल्य के तहत उन्मुखीकरण एवं.. <<     VIDEO NEWS: किसान की मौत पर बवाल, शव रख सड़क पर उतरे.. <<     दुग्ध व्यापारी संघ ने उठाई मांग, दूध.. <<     BIG NEWS : बिजली के झटके ने छीनी जिंदगी, पिराना गांव.. <<     शहडोल में शिक्षा व्यवस्था शर्मसार,.. <<     KHABAR : एक दिवसीय प्रवास पर सागर पहुंचे मलूक.. <<     KHABAR : जवाहर नवोदय विद्यालय में कक्षा- 6 प्रवेश.. <<     KHABAR : शहडोल में शिक्षा व्यवस्था पर सवाल, स्कूल.. <<     KHABAR : कौशल विकास योजनाओं पर होगा मंथन, जुलाई माह.. <<     BIG NEWS : रात की ड्यूटी बनी आखिरी सफर, चंदवासा.. <<    
वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन के लिए..
February 16, 2026, 1:43 pm
BIG NEWS : एमपी में सरेआम वकील की हत्या से उबाल, अधिवक्ता समुदाय में भारी आक्रोश, नीमच में न्यायालयीन कार्य से दूर रहे अभिभाषक, एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट की मांग को लेकर बुलंद की आवाज, पढ़े खबर

Share On:-

नीमच। मध्यप्रदेश में अधिवक्ता की सरेआम गोली मारकर हत्या किए जाने की घटना ने वकील समुदाय को गहरे आक्रोश में डाल दिया है। इसी के विरोध में जिला अभिभाषक संघ, नीमच के आह्वान पर सोमवार को जिलेभर के अधिवक्ता न्यायालयीन कार्य से पूर्णतः विरत रहे।

अदालत परिसरों में अधिवक्ताओं ने न्यायालयीन कार्य से विरत रहकर तीखा प्रतिवाद दर्ज कराया। नीमच जिला अभिभाषक संघ के अध्यक्ष मनीष जोशी ने बताया कि 14 फरवरी को करेरा-शिवपुरी अधिवक्ता संघ के अधिवक्ता संजय कुमार सक्सेना की उस समय नृशंस हत्या कर दी गई, जब वे वर्दी में न्यायालय जा रहे थे। दिनदहाड़े हुई इस वारदात ने कानून-व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़े कर दिए हैं।

इस घटना के विरोध में मध्यप्रदेश बार काउंसिल के आह्वान पर प्रदेशभर के अधिवक्ता एकजुट हुए हैं। नीमच में भी अधिवक्ताओं ने एक स्वर में मांग की कि शीघ्र ही एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट लागू किया जाए।

अधिवक्ताओं का कहना है कि वे लंबे समय से सुरक्षा कानून की मांग कर रहे हैं, लेकिन शासन स्तर पर अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा वकीलों की महापंचायत में कानून लागू करने का दिया गया आश्वासन भी अब तक अधूरा है।

अधिवक्ताओं ने स्पष्ट कहा कि न्याय दिलाने वालों की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है। नीमच के अधिवक्ताओं ने दो टूक शब्दों में कहा कि जब तक सुरक्षा की ठोस गारंटी नहीं दी जाती, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।

VOICE OF MP
एडिटर की चुनी हुई ख़बरें आपके लिए
SUBSCRIBE