चित्तौड़गढ़। ब्रह्माकुमारीज़ प्रताप नगर सेवा केंद्र पर नव दशाकोत्सव के उपलक्ष्य में आयोजित आध्यात्मिक कार्यक्रम में मुंबई के विले पार्ले सेवा केंद्र से पधारीं ब्रह्माकुमारी मीना दीदी एवं ब्रह्माकुमारी कोकिला दीदी ने "नकारात्मक वातावरण से स्वयं की सुरक्षा कैसे करें" विषय पर प्रेरक विचार व्यक्त किए।
बीके कोकिला दीदी ने कहा कि वर्तमान समय में बढ़ती नकारात्मकता से बचने के लिए मन को शक्तिशाली, शुद्ध और एकाग्र बनाना आवश्यक है। मन जितना अधिक सकारात्मक होगा, व्यक्ति उतना ही निर्भय, निश्चिंत और मानसिक रूप से मजबूत रहेगा। उन्होंने कहा कि व्यर्थ एवं नकारात्मक विचार मन और आत्मा को कमजोर कर देते हैं, जिससे व्यक्ति तनाव और विपरीत परिस्थितियों से अधिक प्रभावित होता है।
उन्होंने सभी को परमात्मा की याद, शुभभावनाओं और दुआओं के माध्यम से स्वयं को सशक्त बनाने का संदेश देते हुए कहा कि "सदा सुखी रहने का सबसे सरल उपाय है- दुआएँ दो और दुआएँ लो।" सकारात्मक सोच और परमात्मा से जुड़ाव जीवन का सबसे बड़ा सुरक्षा कवच है।
कार्यक्रम के अंत में प्रताप नगर सेवा केंद्र की प्रभारी राजयोगिनी आशा दीदी ने ब्रह्माकुमारी मीना दीदी एवं ब्रह्माकुमारी कोकिला दीदी का स्वागत एवं अभिनंदन किया तथा उपस्थित सभी राजयोगी भाई-बहनों का आभार व्यक्त किया।