चीताखेड़ा। चीताखेड़ा-नीमच मार्ग पर कराड़िया महाराज ग्राम पंचायत के अंतर्गत झील में नदी पर स्थित 11 वीं सदी का पुरातन अतिप्राचीन भगवान भूतेश्वर महादेव मंदिर है। श्री भूतेश्वर महादेव का मंदिर ग्यारहवीं शताब्दी का बताया जाता है। इस मंदिर की ख्याति दूर-दूर तक फैली हुई है। यह मंदिर भक्तों की आस्था का केंद्र है। शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन करने के लिए आते हैं। यहां पर मंदिर के गर्भ गृह में चतुष्कोणीय तथा वितान पर विकसित कमल दल रेखांकित है। लघुमंचिका पर समभंग स्थानक मुद्रा में भगवान विष्णु एवं मां गोरी विद्यमान है। वहीं शिवलिंग को देखकर महाकाल के दर्शन करने का आभास होता है।
मंदिर का इतिहास-
भूतेश्वर महादेव मंदिर लगभग ग्यारहवीं शताब्दी से भी अधिक पुराना है। मंदिर षट्कोणीय तथा गुंबदाकार है जिसके शीर्ष पर आम लक तथा कलश अंकन है। गुंबद के अंदर एवं मंदिर के चारों ओर सैकड़ों देव-देवीयों एवं सुंदरी के उन्नत कुच कंठाहार एवं मेखला को कलाकारों ने पत्थरों पर अद्भुत नक्काशी से तराशा है। मंदिर के दोनों तरफ दो गुफाएं (सुरंग) में शिवलिंग स्थापित है। मंदिर की देखरेख 425 सालों से कराड़िया महाराज के गीर गोस्वामी परिवार की 10-12 वीं पीढ़ी कर रही है।
मंदिर की विशेषता-
भूतेश्वर महादेव मंदिर पर विगत 50 सालों से प्रति वर्ष मंदिर समिति शिवरात्रि, कार्तिक पूर्णिमा, एवं श्रावण मास में यहां पर पूजा अर्चना के साथ साथ विशेष धार्मिक आयोजन किए जाते हैं। यहां पर विशेष रूप से मई माह में वैशाख वदी अमावस्या को मेला समिति द्वारा मेला आयोजित किया जाता था कुछ सालों से बंद हो गया था उन्हें फिर से शुरू किया जाएगा।हर धार्मिक पर्वों के पावन अवसर पर एवं श्रावण मास में प्रतिदिन विशेष श्रृंगार किया जाता है। भूतेश्वर महादेव का लिंग स्वरूप ग्यारहवीं शताब्दी का होने से सबको मोहित करता है यही वजह है कि पूरे सालभर यहां श्रद्धालुओं की आवाजाही रहती है।
इनका कहना-
भूतेश्वर महादेव मंदिर में विभिन्न समाजजनों के सहयोग से वर्ष भर प्रमुख त्योहारों पर कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। हमारा परिवार 10-12 पीढियों से मंदिर में भूतेश्वर महादेव की पूजा अर्चना कर रहे हैं। यहां जलाभिषेक, दूग्धाभिषेक और रुद्राभिषेक तथा महामंत्रुजय अनुष्ठान और पूजा अर्चना करने मात्र से सभी मनोवांछित मुरादें पूरी हो जाती है। पुजारी मोहन गीर गोस्वामी, कराड़िया महाराज
भूतेश्वर महादेव मंदिर में श्रावण मास के दौरान प्रति सोमवार भूतेश्वर का अभिषेक, महाआरती एवं धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। शिवरात्रि पर्व पर विशेष रूप से दो दिवसीय उत्सव होता है। भूतेश्वर महादेव के दर्शन करने हेतु कई सालों से आ रहा हूं। भगवान भूतेश्वर हर व्यक्ति की मनोवांछित मनोकामनाएं पूरी करते हैं। श्रद्धालु श्रवण सिंह राणावत, कराड़िया महाराज।
मैं विगत 30 सालों से निरंतर भूतेश्वर महादेव के दर्शन करने आ रहा हूं। भूतेश्वर महादेव बहुत ही चमत्कारी प्रतिमा है। यहां साक्षात भगवान श्री भूतेश्वर के दर्शन होते हैं। मांगी गई हर मुराद पूरी होती है। श्रद्धालु सुरेश चंद शर्मा, धामनिया।