चित्तौड़गढ़। राजस्थान के प्रसिद्ध श्री सांवलिया सेठ मंदिर में इस बार दान का रिकॉर्ड बना है। दो महीने में सांवरा सेठ मंदिर में करीब 35 करोड़ रुपए का दान मिला है। इस बार रिकॉर्ड तोड़ रुपयों के साथ-साथ 2 किलो सोना, करीब 188 किलो चांदी और कई देशों की करेंसी भी मिली है। पिछले साल इसी समय दो महीने के भंडार से करीब 17 करोड़ रुपए मिले थे। सांवलिया सेठ मंदिर में हर महीने चतुर्दशी तिथि पर दानपात्र खुलते हैं। इस बार दीपावली पर दानपात्र नहीं खुला था। ऐसे में 2 महीने बाद दानपात्र खुले हैं। 30 नवंबर को खुले दान पात्रों से निकले दान की गिनती शुक्रवार शाम को खत्म हो गई।

दान में मिले 13 लाख 93 हजार के सिक्के
मंदिर में दान की गिनती 6 राउंड (दिन) में पूरी हुई है। पहले ही दिन 11 करोड़ 34 लाख 75 हजार रुपयों की गिनती हो गई थी। जबकि दूसरे दिन (1 दिसंबर को) अमावस्या होने के कारण काउंटिंग नहीं हुई। 2 दिसंबर को 3 करोड़ 60 लाख रुपयों की काउंटिंग हुई। 3 दिसंबर को 4 करोड़ 27 लाख 80 हजार रुपए, 4 दिसंबर को 2 करोड़ 73 लाख 90 हजार रुपए, 5 दिसंबर को 3 करोड़ 51 लाख 29 हजार 500 रुपयों की गिनती हुई। आज (6 दिसंबर) को आखिरी दिन सिक्कों की गिनती हुई है। सांवरा सेठ के दरबार में भक्तों ने 13 लाख 93 हजार 81 हजार रुपए के सिक्के दान दिए।

9 करोड़ से ज्यादा के मनी ऑर्डर आए
भक्तों ने ऑनलाइन और मनी ऑर्डर से ऑफिस में 9 करोड़ 30 लाख 27 हजार 427 रुपए जमा कराए हैं। इसके बाद कुल दान राशि 34 करोड़ 91 लाख 95 हजार 68 रुपए मिले हैं।

सोना-चांदी का भी रिकॉर्ड दान मिला
सांवरा सेठ के दरबार में सोना-चांदी का भी जमकर दान मिला है। भंडार से 2 किलो 290 ग्राम सोना और 58 किलो 900 ग्राम चांदी मिली है, जबकि भेंट कक्ष में 504 ग्राम 560 मिलीग्राम सोना और 128 किलो 930 ग्राम चांदी मिली है। यानी कुल दो महीनों में 2 किलो 794 ग्राम 560 मिलीग्राम सोना और 187 किलो 9 ग्राम चांदी मिली है। जानकारी के अनुसार चांदी की सामग्री का कुल वजन 583 किलो 153 ग्राम था, जिसमें करीब 454 किलो लकड़ी लगी हुई थी। इस बार 1 किलो का एक सोने का बिस्किट और 100-100 ग्राम के 6 सोने के बिस्किट भी दान में मिले हैं।
