चित्तौड़गढ़। श्रीकानिफनाथ सेवा संस्थान एवं घुमन्तु जाति उत्थान न्यास के संयुक्त तत्वावधान में रंग पंचमी को कानिफनाथ महाराज का समाधि दिवस गुरु पूजन के रुप में मनाया जायेगा। कार्यक्रम की तैयारी को लेकर संत अमरा भगत की पावन स्थली अनगढ़ बावजी, नरबदिया में घुमन्तु ब्रांड एंबेसडर प्रभुलाल कालबेलिया की अध्यक्षता में बैठक संपन्न हुई।
प्रकाशनाथ भाटी ने बताया कि दो दिवसीय कार्यक्रम आयोजित होगा जिसमें 18 मार्च रात्री को भजन संध्या होगी तथा 19 मार्च को प्रातः 10 बजे धर्मसभा के पश्चात् महाआरती और प्रसाद वितरण होगा। कार्यक्रम में बड़ीसादड़ी गोपाल आश्रम से मेवाड़ पीठाधीश्वर गुरुदेव स्वामी सुदर्शनाचार्य महाराज, रामाखेड़ा बबराणा के संत नाथुनाथ महाराज, लेहरूनाथ महाराज का सानिध्य प्राप्त होगा वहीं मुख्य अतिथि आरएसएस चित्तौड़ प्रांत सेवा प्रमुख भूपेंद्र आचार्य होंगे।
बैठक में घुमन्तु ब्रांड एंबेसडर ने कहा कि सनातन संस्कृति में नाथ परम्परा का पुनीत प्रवाह अनादिकाल से बहता आ रहा है। घुमन्तु समुदाय के कालबेलिया, जोगी व सपेरा समाज अन्य समाजों की भांति युगानुकुल परिवर्तन कर विकास की मुख्यधारा से पृथक रहा है। समाज को अपने खोए हुए स्वाभिमान, गौरवशाली परंपरा और इतिहास को पुनः स्थापित करने का गिलहरी सा प्रयास श्री कानिफनाथ सेवा संस्थान पिछले कई वर्षों से कर रहा है। हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी ओम चौतन्य श्री कानिफनाथ महाराज के समाधि दिवस को रंग पंचमी के दिन बहुत ही हर्षाेल्लासपूर्वक व धुमधाम से मनाया जायेगा। कार्यक्रम की सफलता को लेकर रमेशचंद्र कालबेलिया, भगवानलाल, नारायणनाथ कालबेलिया, लालाराम, शान्तिलाल, राजनाथ मेहर के सानिध्य में टोलियाँ बनाकर कालबेलिया बस्तियों में सम्पर्क किया जा रहा है।
बैठक में विभाग घुमन्तु कार्य संयोजक मनोहर पूर्बिया, रामलाल गाड़िया लौहार, किशननाथ सोलंकी, मीठानाथ, संजयनाथ, जगदीशनाथ आदि उपस्थित रहे।