चित्तौड़गढ़। बोजुन्दा पॉलिटेक्निक कॉलेज में स्थित श्री कालभैरव (श्री काला जी बावजी) देव स्थल पर रविवार को नवरात्रि महोत्सव प्रारंभ हो गया। नवरात्रि के अवसर पर प्रतिदिन सुबह-शाम आरती एवं अन्य धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन होगा।
यह जानकारी देते हुए भोपाजी बाबूलाल जी जटिया सतखंडा ने बताया कि श्री काल भैरव मंदिर पर नवरात्रि महोत्सव के तहत 6 मार्च तक आयोजन होंगे। बोजुन्दा में स्थित राजकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज में अति प्राचीन श्री काल भैरव ( श्री काला बावजी) मंदिर अति प्राचीन और चमत्कारिक देवस्थल है। यहां प्रत्येक शनिवार को बावजी की गादी लगती है, और माह की प्रत्येक अष्टमी को श्री कालिका माता जी की गादी लगती है।
उल्लेखनीय है कि अति प्राचीन इस धर्म स्थल पर श्री काल भैरव एवं शेष अवतार जी सहित, मां कालीका, जगदंबा और शिव परिवार के मंदिर भी स्थापित है, दर्शनार्थ यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं का वर्ष भर आवागमन रहता है। मान्यता है कि यहां श्रद्धालुओं की हर मनोकामना पूरी होती है, और दैहिक, दैविक, भौतिक कष्टों से मुक्ति भी मिलती है। यहां आने वाले श्रद्धालुओं ने बताया कि चित्तौड़गढ़ जिले के आसपास ही नहीं, बल्कि राजस्थान सहित मुंबई, दिल्ली, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश व अन्य राज्यों से यहां श्रद्धालु आते हैं और अपनी मनोकामना की पूर्ति पर धन्य होते हैं।
श्री नाकोड़ा देवनारायण जी देव स्थल पर नवरात्रि घट स्थापना
चित्तौड़गढ़। जिला मुख्यालय से करीब 28 कि मी दूरी पर नेतावल के निकटवर्ती पाचली में प्राचीन, चमत्कारिक श्री नाकोड़ा देवनारायण जी मंदिर पर चौत्र नवरात्रि के उपलक्ष्य में शनिवार को घट स्थापना व अनुष्ठान का आयोजन हुआ। इसी के साथ नौ दिवसीय कार्यक्रम प्रारंभ हो गए, जो 6 मार्च गक चलेंगे। भोपाजी हेमराज गुर्जर ने बताया कि नवरात्रि में नियमित धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किये जायेंगे।
उल्लेखनीय है कि श्री नाकोड़ा देवनारायण जी धर्म स्थल पर आधे तेल और आधे पानी से अखंड ज्योत निरंतर प्रज्वलित रहती है। अति प्राचीन एवं चमत्कारिक धर्म स्थल पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं का वर्ष भर आवागमन रहता है। मान्यता है कि श्रद्धालुओं की हर मनोकामना पूरी होती है।
यति जी का उपासरा में विशेष नवरात्रि अनुष्ठान प्रारंभ
चित्तौड़गढ़। शहर में पुरानी टकसाल के पास यति जी का उपासरा मंदिर में नवरात्रि अनुष्ठान 30 मार्च को अभिजीत मुहूर्त में घटस्थापना के साथ प्रारंभ हो गए। माताजी का यह विशेष अनुष्ठान 6 मार्च तक चलेगा। नवरात्रि समापन पर हवन अनुष्ठान एवं कन्या पूजन का आयोजन किया जाएगा।
मेवाड़ दरबार ज्योतिषाचार्य, ज्योतिष भास्कर, ज्योतिष भूषण, पूज्य श्री उपाधियों से अलंकृत, हस्तरेखा व जन्म कुंडली विशेषज्ञ गुरुजी विनोद चंद्र यति जी महाराज के सानिध्य में आयोजित होने वाले इस नवरात्रि अनुष्ठान में विभिन्न आयोजन होंगे। श्रद्धालुओं को माताजी की विशेष कृपा का लाभ मिलेगा।
उल्लेखनीय है कि यति जी का उपासरा में स्थित माताजी के दरबार में प्रत्येक रविवार को प्रातः 11 बजे से 3 बजे तक माता रानी की विशेष चौकी लगती है। जिसमें आशीर्वाद लेने बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। श्रद्धालुओं की मान्यता है कि व्यापार, नौकरी, असाध्य रोगों जैसी समस्याओं का निराकरण माता जी की विशेष कृपा से होता है। भक्तों ने बताया कि नवरात्रि विशेष अनुष्ठान में बड़ी संख्या में दूर-दराज से श्रद्धालु आते है।