नीमच। जिले में फूड प्रोसेसिंग सेक्टर में एक और बड़ा निवेश आया है। जिले के नेवड़ क्षेत्र में नीमच प्रोटीन्स (मल्टीवर्स बायोफ्यूल समूह) को करीब 1.65 हेक्टेयर भूमि आवंटित की गई है, जहां कंपनी खाद्य तेल एवं सोया प्रोटीन से जुड़ा नया प्रोजेक्ट स्थापित करेगी। इस परियोजना में लगभग 365 करोड़ रुपये का निवेश प्रस्तावित है, जिससे करीब 222 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार मिलेगा। इस पहल से जिले में रोजगार एवं व्यापार दोनों को बढ़ावा मिलेगा।
फूड प्रोसेसिंग से जुड़े उद्योग किसानों और स्थानीय व्यापार के लिए सीधे लाभकारी होते हैं, क्योंकि इससे कृषि उत्पादों की मांग बढ़ती है और बाजार मजबूत होता है। नीमच प्रोटीन्स की इस इकाई में सोयाबीन जैसे कृषि उत्पादों से खाद्य तेल और प्रोटीन का उत्पादन किया जाएगा, जिससे स्थानीय किसानों को अपनी उपज बेचने के लिए बेहतर बाजार उपलब्ध होगा। इस परियोजना के शुरू होने से किसानों को उनकी फसल का उचित मूल्य मिलने की संभावना बढ़ेगी तथा उनकी आय में सुधार होगा। यह निवेश नीमच को फूड प्रोसेसिंग सेक्टर में एक मजबूत पहचान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
प्रत्यक्ष रोजगार के अतिरिक्त ट्रांसपोर्ट, पैकेजिंग, छोटे व्यापार और अन्य सहायक सेवाओं में भी रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। यह परियोजना केवल एक फैक्ट्री तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि पूरे क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियों को गति देगी। स्थानीय स्तर पर कार्यरत लोगों और सेवा प्रदाताओं की मांग बढ़ेगी, जिससे क्षेत्र में आर्थिक विकास को बल मिलेगा। परिवहन एवं माल ढुलाई से जुड़े कार्यों में भी वृद्धि होगी, जिससे अतिरिक्त आय के अवसर उत्पन्न होंगे।
छोटे जिलों में बढ़ रहा फूड प्रोसेसिंग सेक्टर-
प्रदेश सरकार का उद्देश्य हर जिले में ऐसे उद्योग विकसित करना है जो स्थानीय संसाधनों पर आधारित हों। फूड प्रोसेसिंग सेक्टर इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है, क्योंकि यह सीधे किसानों, व्यापारियों और उपभोक्ताओं को जोड़ता है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के विजन के अनुसार खेती और उद्योग के बीच सीधा जुड़ाव बढ़ाया जा रहा है। सरकार की औद्योगिक एवं फूड प्रोसेसिंग नीतियों में इसी पर विशेष जोर दिया जा रहा है। इसी का परिणाम है कि नीमच जैसे जिलों में भी इस प्रकार के उद्योग स्थापित हो रहे हैं। पहले जहां ऐसी इकाइयां बड़े शहरों तक सीमित थीं, वहीं अब छोटे जिलों में भी निवेश बढ़ रहा है, जिससे स्थानीय युवाओं को अपने ही क्षेत्र में रोजगार के अवसर मिल रहे हैं और पलायन में कमी आ रही है।
एमपीआईडीसी उज्जैन के कार्यकारी संचालक श्री राजेश राठौड़ ने बताया कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में फूड प्रोसेसिंग सेक्टर को लगातार प्रोत्साहन मिल रहा है। उन्होंने कहा कि नीमच में हो रहा यह निवेश किसानों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराने, स्थानीय रोजगार बढ़ाने और जिले की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। आने वाले समय में ऐसे प्रोजेक्ट से नीमच सहित अन्य जिलों में विकास की गति और तेज होने की उम्मीद है।