शिवपुरी। अवैध शराब और नशे की बिक्री के खिलाफ आदिवासी महिलाओं ने शनिवार को मोर्चा खोल दिया। सहरिया क्रांति के बैनर तले ग्राम पंचायत कोटा और देहात थाना क्षेत्र की महिलाएं हाथों में तख्तियां लेकर रैली के रूप में एसपी कार्यालय पहुंचीं। यहां महिलाओं ने धरना देकर अवैध शराब की बिक्री पर कार्रवाई करने की मांग की।
महिलाओं ने आरोप लगाया कि ग्राम कोटा में कोई स्वीकृत शराब ठेका नहीं है, इसके बावजूद क्षेत्र में शराब बिक्री के ठिकाने संचालित हो रहे हैं। उनका कहना है कि यहां कच्ची शराब के साथ ठेके की शराब भी बेची जा रही है।
प्रदर्शन के दौरान महिलाओं ने शराब की गुणवत्ता और उसके स्रोत पर भी सवाल उठाए। उन्होंने शराब के नमूने लेकर जांच कराने की मांग की। महिलाओं का कहना है कि क्षेत्र में अवैध शराब की बिक्री से किसी अप्रिय घटना की आशंका बनी हुई है।
रश्मी आदिवासी ने आरोप लगाया कि क्षेत्र में कच्ची शराब के साथ गांजा भी बेचा जा रहा है। उनके अनुसार, कुछ लोग लोगों को नशे का सामान उधार देते हैं और मजदूरी मिलने के बाद उसका पैसा वसूलते हैं।
महिलाओं ने कहा कि शराब और नशे की आसानी से उपलब्धता का गरीब और आदिवासी परिवारों पर गंभीर आर्थिक असर पड़ रहा है। उनका आरोप है कि मजदूरी से मिलने वाली कमाई नशे में खर्च होने के कारण परिवार आर्थिक परेशानी के साथ-साथ पारिवारिक विवादों से भी जूझ रहे हैं। महिलाओं ने प्रशासन से मामले की जांच कर अवैध शराब और नशे के कारोबार पर सख्त कार्रवाई की मांग की।