शाजापुर। पुलिस अधीक्षक प्रियंका शुक्ला द्वारा पुलिस अधिकारी-कर्मचारियों को कर्तव्य के प्रति प्रोत्साहित करने और उत्कृष्ट कार्य करने वाले पुलिसकर्मियों का मनोबल बढ़ाने के लिए ‘POLICE PRIDE OF THE WEEK’ के रूप में सम्मानित किया गया। 7 से 13 सितंबर 2026 के दौरान अपराधों की पतारसी, चोरी गई संपत्ति की बरामदगी, अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई तथा उत्कृष्ट विवेचना में उल्लेखनीय योगदान देने वाले चार पुलिसकर्मियों को सम्मानित किया गया।
चोरी के मामले में दो आरक्षकों की महत्वपूर्ण भूमिका-
थाना कोतवाली शाजापुर के अपराध क्रमांक 541/26 में अज्ञात आरोपियों द्वारा घर का ताला तोड़कर चोरी किए गए सोने-चांदी के आभूषण और नकदी की पतारसी में आरक्षक 77 रामप्रसाद एवं आरक्षक 301 शिशुपाल गुर्जर ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर तंत्र के आधार पर पुलिस ने आरोपी विशाल मंडोवर एवं रोहित उर्फ कल्ला जाटव को गिरफ्तार कर एक जोड़ी सोने की झुमकी, कमर का कंदोरा, 90 हजार रुपए नकद और गैस टंकी बरामद की।
धोखाधड़ी के आरोपी से 50 हजार जब्त-
थाना अवंतिपुर बड़ोदिया के धोखाधड़ी प्रकरण में सहायक उप निरीक्षक उवेद खान एवं आरक्षक 383 जितेन्द्र पटेल ने आरोपी महेंद्र तिवारी की पतारसी कर उसे गिरफ्तार किया। आरोपी से 50 हजार रुपए जब्त किए गए तथा फरियादी को कुल 88,010 रुपए की राशि प्राप्त कराई गई। मामले में आरोपी के अन्य साथियों की तलाश में भी कार्रवाई की गई।
27.25 लाख की शराब और वाहन पकड़ने में योगदान-
थाना शुजालपुर मंडी की अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई में प्रधान आरक्षक 223 बलराम यादव की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस टीम ने 60 पेटी यानी 540 लीटर शराब, जिसकी कीमत 2.25 लाख रुपए बताई गई, तथा करीब 25 लाख रुपए कीमत की इनोवा कार जब्त की। कुल मशरूका करीब 27.25 लाख रुपए बताया गया है। वाहन लेकर भागने के प्रयास के दौरान पुलिस टीम ने घेराबंदी कर वाहन एवं शराब को पकड़ा और थाना तलेन, जिला राजगढ़ के सुपुर्द किया।
उत्कृष्ट विवेचना के लिए उप निरीक्षक जया सुनेरी सम्मानित-
थाना कोतवाली शाजापुर के अपराध क्रमांक 154/2025 में उत्कृष्ट विवेचना एवं प्रभावी पैरवी के लिए उप निरीक्षक जया सुनेरी को सम्मानित किया गया। पुलिस के अनुसार मामले में आरोपी गोविंद बोडाना को न्यायालय द्वारा 20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई गई।
पुलिस अधीक्षक प्रियंका शुक्ला ने सभी सम्मानित पुलिसकर्मियों के उत्कृष्ट कार्य की सराहना करते हुए उनका उत्साहवर्धन किया और भविष्य में भी कर्तव्यनिष्ठा एवं समर्पण के साथ कार्य करने के लिए प्रोत्साहित किया।