नीमच। अपराध के बाद घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने और उनकी वैज्ञानिक तरीके से जांच को और प्रभावी बनाने के लिए नीमच पुलिस को अत्याधुनिक मोबाइल फॉरेंसिक वैन उपलब्ध कराई गई है। गृह मंत्रालय की ओर से उपलब्ध कराई गई इस वैन का शुभारंभ पुलिस अधीक्षक राजेश व्यास ने किया।
इस अवसर पर एडिशनल एसपी हेमलता अग्रवाल ने मोबाइल फॉरेंसिक वैन में उपलब्ध आधुनिक तकनीक, उपकरणों और उनकी कार्यप्रणाली की विस्तृत जानकारी दी।
दरअसल, किसी भी आपराधिक घटना के बाद घटनास्थल से मिलने वाला छोटा से छोटा साक्ष्य भी जांच के लिए महत्वपूर्ण हो सकता है। ऐसे में मोबाइल फॉरेंसिक वैन के माध्यम से फॉरेंसिक टीम घटनास्थल पर पहुंचकर मौके से वैज्ञानिक तरीके से साक्ष्य जुटाने और उनकी प्रारंभिक जांच करने में सक्षम होगी।
वैन में आधुनिक फॉरेंसिक तकनीक और आवश्यक उपकरण उपलब्ध हैं। इनके माध्यम से घटनास्थल की जांच को अधिक व्यवस्थित एवं वैज्ञानिक तरीके से किया जा सकेगा। इसका उद्देश्य जांच एजेंसियों को समय पर वैज्ञानिक साक्ष्य उपलब्ध कराना और अपराधों की विवेचना को अधिक प्रभावी बनाना है।
मोबाइल फॉरेंसिक वैन की शुरुआत के साथ नीमच पुलिस की अपराध अनुसंधान व्यवस्था में तकनीक का एक और महत्वपूर्ण अध्याय जुड़ गया है। गंभीर आपराधिक घटनाओं में फॉरेंसिक टीम को मौके पर ही आवश्यक तकनीकी सहायता मिलने से साक्ष्य संकलन की प्रक्रिया को गति मिलेगी।
गृह मंत्रालय की इस सौगात से जिले में अपराध अनुसंधान को आधुनिक तकनीक से मजबूती मिलने की उम्मीद है। घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाने और उनकी वैज्ञानिक जांच में यह मोबाइल फॉरेंसिक वैन पुलिस के लिए उपयोगी साबित होगी।