चित्तौड़गढ। कोटा-भीलवाड़ा हाईवे पर देर रात को एक एक्सीडेंट हुआ। इस हादसे में 11 लोग घायल हो गए। सभी को पहले बस्सी हॉस्पिटल और बाद में जिला हॉस्पिटल लाया गया। छह लोगों को मामूली चोट लगी थी। जिनको छुट्टी दे दी गई। जबकि ट्यूशन टीचर सहित 5 बच्चों को एडमिट कर लिया गया है। यह सभी बच्चे अपने ट्यूशन टीचर के साथ कोटा से सांवलिया जी मंदिर में दर्शन के लिए जा रहे थे। गाड़ी के बेकाबू होने के कारण यह हादसा हुआ है।
बस्सी में रुके थे चाय पीने-
भीलवाड़ा-कोटा हाईवे पर बस्सी थाना क्षेत्र में देर रात को एक सड़क हादसा हुआ। कोटा के रहने वाले सुकेत, कोटा निवासी दीपक (26) पुत्र जावर लाल मीणा अपनी पत्नी कुसुम और अपने 9 स्टूडेंट्स के साथ इको कार से सांवलिया दर्शन करने जा रहे थे। देर रात ड्राइव करने के कारण दीपक कुमार को थकान महसूस हुई। वे सभी रात के करीब 2 बजे बस्सी चाय पीने रुके। चाय पीने के बाद सभी वापस रवाना हुए। करीब आधा किलोमीटर दूर जाते ही एक गड्डे के कारण गाड़ी बेकाबू हो गई और सड़क से नीचे खाई में उतर गई। इस हादसे के बाद मौके पर चीख पुकार मच गई।
5 जनों को किया एडमिट-
गाड़ी में सवार कुछ स्टूडेंट अपने आप से बाहर निकले और सभी को गाड़ी से बाहर निकाला। उन्होंने भी आसपास राहगीरों की मदद ली। उनमें से एक स्टूडेंट ने 108 एम्बुलेंस में सूचना की। मौके पर एम्बुलेंस पहुंची और बस्सी पुलिस भी पहुंच गई। सभी को एम्बुलेंस की मदद से बस्सी हॉस्पिटल ले जाया गया। जहां उनका प्राथमिक उपचार किया गया। वहां से सभी को जिला हॉस्पिटल भेज दिया गया।
वहां 6 जनों को मामूली चोट लगी थी। जिसके बाद उन्हें छुट्टी दे दी गई। बाकी दीपक कुमार सहित पांच बच्चे सुकेत, कोटा निवासी तरुण (15) पुत्र जगदीश चंद्र बेरवाल, अनिल (17) पुत्र राजेश मीणा, अनुराग (15) पुत्र राधेश्याम चारण, नेहा (16) पुत्री किशन लाल मेघवाल को जिला हॉस्पिटल में भर्ती कर लिया गया। बच्चे अभी पूरी तरह स्वस्थ है।