चित्तौड़गढ़। ब्रम्हकुमारी प्रताप नगर सेवा केंद्र पर राजयोग के माध्यम से अपने मन में खोई हुई शक्तियों को जागृत करने के लिए 4 घंटे की तपस्या की गई।
सेवा केंद्र संचालिका राजयोगिनी आशा दीदी ने बताया कि आज हम सभी मनुष्य आत्माएं किसी न किसी रूप से भगवान को याद करते हैं उनकी आराधना पूजा करते हैं। यदि हम सच्चे मन से दिल से भगवान भोलेनाथ को प्रसन्न कर उनको दिल से याद करते हैं तो हमारी सारी फरियाद पूरी होती है, और हम सब का जीवन सच्ची शांति और खुशी से भरपूर होता है। आज मनुष्य खुशी को सुख सुविधा के साधनों में ढूंढ रहा है।
उन्होंने कहा कि यदि हमें स्वयं की पहचान कि मैं शरीर नहीं बल्कि एक चैतन्य शक्ति आत्मा है, हम सभी परमात्मा की संतान है परमात्मा शिव जो सदा ही देता रहता है कभी लेने की इच्छा नहीं रखता। यदि हम भी किसी से लेने की भावना ना रख सुख शांति सम्मान प्रेम जितना देंगे उतना हमारे पास कई गुना बढ़कर आएगा। इसलिए हम सभी दाता के बच्चे दाता बने देवता बने क्योंकि देने वाला कभी खाली नहीं होता देने वाला सदा भरपूर रहता है। राजयोगिनी आशा दीदी को ईश्वरी सेवाओं के लिए सम्मानित करते हुए सभी ब्रह्माकुमारी दीदियाँ एवं ब्राह्मण परिवार उपस्थित रहे।