मंदसौर। शहर में कार्तिक पूर्णिमा पर शहर के पशुपतिनाथ मंदिर के पास स्थित शिवना के तट पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने टाटिया प्रवाहित कर दीप दान किया। इसके साथ ही भगवान पशुपतिनाथ मंदिर क्षेत्र में 62वें कार्तिक मेले का आनन्द भी लिया।
मान्यता के अनुसार कुंवारी कन्याएं और महिलाएं कार्तिक के पूरे माह व्रत रखती है और कार्तिक पूर्णिमा के दिन शिव की आराधना के नदी के तट पर पूजा अर्चना के साथ टाटियो में दिए रख कर नदी में प्रवाहित करने से व्रत पूर्ण होता है। कुंवारी युवतियां अच्छे वर, अच्छे घर के लिए, तो विवाहित महिलाएं सुख-समृद्धि के लिए व्रत रखती है।
20 दिनों का मेला-
आस्था के इस अनूठे संगम में हजारों श्रद्धालुओं ने विश्वास की टाटिया प्रवाहित की, साथ ही हर वर्ष भगवान पशुपतिनाथ के प्रांगण में लगने वाले मेले का लुत्फ भी उठाया। मेले में झूले, चकरियों सहित करीब 650 दुकानें सजी है।
20 दिनों में तक लगने वाले इस मेले में लोगों का उत्साह आज चरम पर रहा, वहीं प्रशासन ने भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए। मेला ग्राउंड पर पुलिस चौकी बनाई गई है, वहीं सीसीटीवी कैमरों से पूरे मेले पर नजर रखी जा रही है।