नीमच। परिस्थितियों कैसी भी हो लेकिन यदि किसी उद्देश्य प्राप्ति का जुनून हो तो वह मुकाम हासिल कर ही लेता है। जिले के एक छोटे से गांव बिजलवास बामनिया का एक युवा के विपरीत परिस्थितियों से अपने जीवन को आगे बढ़ते हुए लगातार ही समाज सेवा के क्षेत्र कार्य करते हुए ग्रामीण परिवेश के युवाओं के लिए लगातार मेहनत करते हुए उन्हें खेल में आगे बढ़ाने के लिए हर संभव प्रयास करके 18 साल से कम आयु के युवाओं के लिए अपने परिश्रम से कार्य करके उसकी अर्जित आय से बच्चों के लिए खेल सामग्री तथा किट उपलब्ध कराकर ग्रामीण क्षेत्र में क्रिकेट को प्रोत्साहित कर रहे हैं। बिजलवास बामनिया का युवा रंजीत नागदा का खेल के प्रति जुनून ऐसा की वह लगातार शहर के कई प्रतिष्ठित संस्थानों में लगातार कार्य करते हुए कड़ी मेहनत करके जो भी आय होती है इसका अधिकांश हिस्सा वह इन छोटे-छोटे बालकों के खेल को निखारने के लिए अपनी ओर से लगातार ही इनको प्रोत्साहित कर रहे हैं तथा इन्हें समय पर सहयोग करके उनके खेल को निखारने का कार्य कर रहे हैं। नागदा का कहना है कि गांव के युवा क्रिकेटरों के लिए मैं पूरी जिम्मेदारी के साथ उनका सहयोग हमेशा करने के लिए तत्पर हूं तथा इनकी खेल भावनाओं को देखते हुए मैं उनका सहयोग हमेशा करूंगा। खेल स्वास्थ्य की दृष्टि से महत्वपूर्ण है तथा हमारे जीवन का एक प्रमुख हिस्सा है, ग्रामीण क्षेत्रों में सुविधा कम होने के कारण यदि हम ऐसे ही इनका सहयोग करेंगे तो निश्चित रूप से ही आने वाले समय में लगातार आगे बढ़ेंगे जिससे हमारा क्षेत्र का नाम रोशन होगा, साथ उन्होंने कहा कि यदि इस पावन पुनीत कार्य में और भी कोई सहयोग करना चाहे तो निश्चित रूप से वह हमारे साथ सहयोग कर सकते हैं। निश्चित ही ऐसे युवा हर क्षेत्र में सहयोग करें तो ग्रामीण क्षेत्रों में खेलकूद में खिलाड़ी एक नहीं आया स्थापित कर सकते हैं।