नीमच। कोरोना संक्रमण एक बार फिर देशभर में पैर पसारने लगा है। बड़े शहरों के बाद अब इसका असर छोटे जिलों में भी नजर आने लगा है। मध्यप्रदेश के इंदौर और उज्जैन के बाद अब नीमच जिले में भी कोरोना की एंट्री हो चुकी है। जावद तहसील के अठाना दरवाजा क्षेत्र निवासी एक 40 वर्षीय युवक की इंदौर में रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। युवक कैंसर के इलाज के लिए इंदौर के अरविंदो हॉस्पिटल में भर्ती था, जहां उसमें कोरोना के लक्षण दिखाई दिए और जांच में संक्रमण की पुष्टि हुई।
यह खबर मिलते ही नीमच प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने फौरन एक्शन मोड में आते हुए जावद क्षेत्र में रातों-रात स्वास्थ्य अमला रवाना किया। सीएमएचओ डॉ. दिनेश प्रसाद खुद टीम के साथ मौके पर पहुंचे और युवक की कांट्रेक्ट हिस्ट्री खंगालना शुरू की। जानकारी के अनुसार, युवक के साथ उसकी विकलांग मां और छोटा भाई भी इंदौर में हैं, लेकिन एहतियात के तौर पर नीमच में उनके निवास स्थान पर निगरानी और सैनिटाइजेशन की कार्रवाई की गई है।
संक्रमण बढ़ा, गाइडलाइन गायब-
कोविड संक्रमण के मामलों में लगातार इजाफा हो रहा है। केंद्र सरकार की ओर से कोरोना को लेकर अभी तक कोई नई गाइडलाइन जारी नहीं की गई है, जबकि विशेषज्ञ और डॉक्टर लगातार कह रहे हैं कि नया वैरिएंट ज्यादा तेजी से फैलता है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने अब तक केवल ‘सतर्कता’ और ‘जागरूकता’ की सलाह तक खुद को सीमित रखा है। न ही मास्क को लेकर कोई सख्ती है और न ही पब्लिक प्लेसेज़ के लिए किसी प्रकार की रोकटोक लागू हुई है।
स्वास्थ्य सेवाओं का रिव्यू शुरू-
नीमच में जैसे ही पॉजिटिव मरीज की पुष्टि हुई, स्थानीय प्रशासन ने जिले के सभी स्वास्थ्य केंद्रों की व्यवस्थाओं की समीक्षा शुरू कर दी है। अस्पतालों में आइसोलेशन वार्ड, ऑक्सीजन सपोर्ट, रैपिड टेस्ट किट सहित अन्य जरूरी संसाधनों का आंकलन किया जा रहा है। स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे कोरोना से निपटने की तैयारी को हर हाल में अपडेट रखें।
संक्रमण की चेन तोड़ने पर फोकस-
प्रशासन अब युवक के संपर्क में आए लोगों की पहचान करने और उन्हें होम आइसोलेशन में रखने की प्रक्रिया में जुट गया है। साथ ही संदिग्धों की जांच भी शुरू की जा रही है। जिलेभर के लोगों से अपील की गई है कि वे किसी भी तरह के लक्षण महसूस होने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें और खुद को आइसोलेट करें।
जनता से अपील दृ सतर्क रहें, पर घबराएं नहीं
प्रशासन का कहना है कि जिले में स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन सतर्कता बेहद जरूरी है। स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों से मास्क पहनने, सोशल डिस्टेंसिंग रखने और बार-बार हाथ धोने की अपील की है। त्योहार और भीड़भाड़ के इस मौसम में थोड़ी सी लापरवाही बड़ा खतरा बन सकती है।
देश में कोरोना की तीसरी लहर के बाद अब फिर से चौथी लहर की आशंका जताई जा रही है। लेकिन सवाल यह है कि जब देशभर में संक्रमण की रफ्तार बढ़ रही है, तो फिर केंद्र या राज्य सरकार की ओर से कोई सख्त कदम क्यों नहीं उठाया गया? गाइडलाइन का इंतजार आखिर कब तक? सरकार को अब ‘अलर्ट’ शब्द से आगे बढ़कर ‘एक्शन’ की ओर जाना होगा, क्योंकि खतरा दरवाजे पर है दृ दस्तक दे चुका है।