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March 20, 2026, 2:56 pm
KHABAR : ईद पर देवास जेल में इंसानियत की रोशनी, मुलाकात की अनुमति से खिली बंदियों की मुस्कान, जेल अधीक्षक के फैसले ने मायूसी को उम्मीद में बदला, पढे़ अभिषेक सोनी की खबर 

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देवास। प्रदेश में 19 से 22 मार्च तक लगातार चार दिनों के शासकीय अवकाश के चलते देवास जिला जेल में बंद बंदियों और उनके परिजनों के बीच मायूसी का माहौल छा गया था। ईद के त्योहार के मौके पर अपनों से न मिल पाने की कसक ने जेल की दीवारों के भीतर एक अलग ही सन्नाटा पैदा कर दिया था।


ऐसे संवेदनशील समय में देवास जिला जेल के अधीक्षक विद्या प्रसाद भूषण ने मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए सराहनीय निर्णय लिया। उन्होंने ईद-उल-फितर के पावन अवसर पर बंदियों के लिए मुलाकात की अनुमति देने के साथ-साथ विशेष भोजन (स्पेशल डाइट) की व्यवस्था भी सुनिश्चित कराई।


जेल अधीक्षक ने बताया कि लगातार अवकाश के कारण बंदी और उनके परिजन बेहद मायूस थे। ईद साल में एक बार आती है, इसलिए यह जरूरी था कि वे भी इस खुशी में शामिल हो सकें और अपने अपनों से मिलकर त्योहार का अहसास कर सकें।


इस निर्णय के बाद जेल का माहौल पूरी तरह बदल गया। जहां पहले मायूसी थी, वहां अब मुस्कान और अपनापन नजर आया। बंदियों के चेहरों पर खुशी और परिजनों की आंखों में सुकून साफ झलक रहा था।


देवास जेल की यह पहल केवल एक प्रशासनिक फैसला नहीं, बल्कि इंसानियत और संवेदनशीलता की मिसाल बन गई है। यह संदेश देती है कि भावनाएं हर दीवार से बड़ी होती हैंकृऔर जब व्यवस्था में मानवीयता जुड़ जाती है, तो मायूसी भी मुस्कान में बदल जाती है। 
 

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