झाबुआ। मुख्य सचिव, मध्यप्रदेश शासन अनुराग जैन की अध्यक्षता में कलेक्टर- कमिश्नर कॉन्फ्रेंस के पालन प्रतिवेदन की विस्तृत समीक्षा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित की गई, बैठक में राज्य शासन द्वारा निर्धारित प्राथमिकताओं एवं पूर्व में दिए गए निर्देशों के अनुपालन की जिलेवार समीक्षा की गई।
सुशासन से जुड़े विभागों (राजस्व, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, सामान्य प्रशासन एवं लोक सेवा प्रबंधन) की समीक्षा के दौरान मुख्य सचिव ने कृषि कल्याण वर्ष एवं संकल्प से समाधान अभियान को शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए इनके प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए,
लोक सेवा गारंटी अधिनियम के अंतर्गत प्रकरणों का समय- सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने, लंबित आवेदनों की नियमित समीक्षा करने तथा iGOT पोर्टल पर सक्रिय उपयोगकर्ताओं की संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए गए।
मुख्य सचिव ने संवेदनशील बस्तियों का जोनल प्लान तैयार करने, आपातकालीन वाहनों के सुगम आवागमन की व्यवस्था सुनिश्चित करने, NCORD की जिला स्तरीय समिति की नियमित बैठक आयोजित करने के निर्देश दिए।
इसके साथ ही अनुसूचित जाति एवं जनजाति एक्ट के प्रकरणों में राहत राशि का समय पर भुगतान, जिला सड़क सुरक्षा समिति (DRSC) द्वारा ब्लैक स्पॉट सुधार, नवीन आपराधिक कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन, साइबर अपराध नियंत्रण तथा शस्त्र लाइसेंस के लिए डिजिटल पोर्टल के उपयोग पर विशेष जोर दिया गया।
पेट्रोल, डीजल, CNG एवं PNG की पर्याप्त उपलब्धता बनाए रखने के निर्देश दिए गए, Commercial CNG की आपूर्ति पर विशेष निगरानी रखने तथा कालाबाजारी एवं जमाखोरी पर सख्त नियंत्रण हेतु नियमित निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए साथ ही नागरिकों को PNG कनेक्शन हेतु प्रेरित करने पर बल दिया गया।
उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा प्रत्येक सप्ताह कम से कम 10% प्रकरणों में उर्वरक वितरण की जांच करने के निर्देश दिए गए, 1 अप्रैल से उर्वरक वितरण के लिए ई-विकास प्रणाली का 100% क्रियान्वयन सुनिश्चित करने तथा विशेष परिस्थितियों में ही हाइब्रिड व्यवस्था की अनुमति देने को कहा गया।
नरवाई जलाने पर सख्ती से नियंत्रण तथा गेहूं उपार्जन हेतु किसानों का समय-सीमा में वेरिफिकेशन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए, उपार्जित गेहूं की गुणवत्ता बनाए रखने एवं रिजेक्शन की स्थिति में सैंपल सुरक्षित रखने के निर्देश भी दिए गए।
जल गंगा संवर्धन अभियान को जनभागीदारी से व्यापक स्तर पर संचालित करने तथा जल जीवन मिशन के अंतर्गत सभी लक्ष्यों की समयबद्ध पूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना के प्रभावी क्रियान्वयन, कामधेनु योजना एवं मत्स्य पालन योजनाओं को बढ़ावा देने के निर्देश दिए गए संत रविदास स्वरोजगार योजना एवं बिरसा मुंडा योजना में बेहतर प्रदर्शन सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया।
प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत स्वीकृत सभी आवासों का समय-सीमा में निर्माण पूर्ण करने के निर्देश दिए गए अग्नि दुर्घटनाओं की रोकथाम हेतु व्यापक जागरूकता अभियान चलाने, डॉग बाइट की घटनाओं की रोकथाम एवं उपचार व्यवस्था सुदृढ़ करने के निर्देश दिए गए। साथ ही 14 से 20 अप्रैल तक आयोजित होने वाले Fire Service Week के दौरान विशेष कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए।
वीडियो कॉन्फ्रेंस में कलेक्टर नेहा मीना, पुलिस अधीक्षक डॉ. शिवदयाल सिंह, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत जितेन्द्र सिंह चौहान, अपर कलेक्टर सी.एस. सोलंकी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।