रतलाम। जिले में सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के लिए चलाए जा रहे एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमा वायरस) टीकाकरण अभियान के तहत अब तक 2792 बालिकाओं को वैक्सीन लगाई जा चुकी है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. संध्या बेलसरे ने यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि शासकीय स्वास्थ्य केंद्रों पर 14 से 15 वर्ष की बालिकाओं को निशुल्क एचपीवी वैक्सीनेशन किया जा रहा है, जिससे उन्हें सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए प्रतिरक्षित किया जा रहा है। यह वैक्सीन पूरी तरह सुरक्षित और प्रभावी है।
इन केंद्रों पर मिल रही सुविधा-
जिले के मेडिकल कॉलेज, बाल चिकित्सालय, सिविल अस्पताल जावरा, सिविल अस्पताल आलोट, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नामली, सैलाना, बाजना, ताल एवं पिपलोदा में वैक्सीनेशन की सुविधा उपलब्ध है। विशेष बात यह है कि शनिवार, रविवार और अवकाश के दिनों में भी टीकाकरण जारी है।
आसान प्रक्रिया, ऑनस्पॉट भी रजिस्ट्रेशन-
जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. वर्षा कुरील ने बताया कि वैक्सीनेशन के लिए आयु प्रमाण के रूप में जन्म प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, अंकसूची की प्रति या स्वयं का घोषणा पत्र पर्याप्त है। इच्छुक बालिकाएं यू-विन पोर्टल पर ऑनलाइन प्री-रजिस्ट्रेशन कर सकती हैं या सीधे स्वास्थ्य केंद्र पर जाकर भी टीका लगवा सकती हैं।
भ्रांतियों से बचें, वैक्सीन पूरी तरह सुरक्षित-
स्वास्थ्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि एचपीवी वैक्सीन का मासिक धर्म या प्रजनन क्षमता पर कोई दुष्प्रभाव नहीं पड़ता। मासिक धर्म के दौरान भी यह टीका लगवाया जा सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार, सर्वाइकल कैंसर महिलाओं में होने वाला दूसरा सबसे बड़ा कैंसर है, जिससे बचाव के लिए यह वैक्सीनेशन अत्यंत प्रभावी उपाय है।
अभियान 90 दिनों तक जारी-
यह टीकाकरण अभियान 90 दिनों तक संचालित किया जाएगा। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने सभी अभिभावकों से अपील की है कि वे अपनी 14 से 15 वर्ष की बालिकाओं का एचपीवी वैक्सीनेशन अवश्य कराएं।