नीमच। आम आदमी पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष इंजी. नवीन कुमार अग्रवाल ने केंद्र सरकार की आर्थिक नीतियों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा जनता से किए गए “त्याग” के आह्वान पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि देशहित में बलिदान और बचत की अपेक्षा हमेशा आमजन से की जाती है, जबकि राजनेता और अधिकारी वर्ग स्वयं सभी सुविधाओं का उपभोग करते रहते हैं।
अग्रवाल ने कहा कि चुनाव खत्म होते ही देश में आर्थिक संकट और विदेशी मुद्रा भंडार की चिंता सामने आने लगी है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार पहले नोटबंदी, जीएसटी, कोरोना काल और अब आर्थिक संकट के नाम पर जनता से त्याग की अपील कर रही है।
उन्होंने कहा कि जनता से सोना नहीं खरीदने, पेट्रोल-डीजल और खाद्य तेल का कम उपयोग करने की अपील की जा रही है, जबकि जनप्रतिनिधि और अधिकारी बड़े काफिलों, विदेशी यात्राओं और वीआईपी सुविधाओं का उपयोग जारी रखे हुए हैं।
इंजी. अग्रवाल ने मांग की कि केंद्र सरकार देश की आर्थिक स्थिति पर श्वेत पत्र जारी कर बताए कि वर्ष 2014 के बाद देश का कर्ज इतना अधिक कैसे बढ़ा। उन्होंने कहा कि यदि वास्तव में आर्थिक संकट है तो सबसे पहले नेताओं और अधिकारियों को सरकारी विलासिता और गैरजरूरी खर्चों में कटौती करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि जनता अब सरकार से जवाब मांग रही है और यह सोचने का समय है कि देशहित में त्याग केवल आमजन ही क्यों करे।