नीमच। इंदिरा नगर के समीप वार्ड क्रमांक 8 के गणपति नगर एवं आसपास के क्षेत्रों में करोड़ों रुपए मूल्य की बताई जा रही रिक्त शासकीय भूमि की सुरक्षा को लेकर प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय रहवासियों का कहना है कि सरकारी जमीन को अतिक्रमण से बचाने के लिए लंबे समय से सीमांकन, बाउंड्रीवाल और तार फेंसिंग की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
रहवासियों के अनुसार भूमि की सुरक्षा के लिए संबंधित विभागों को समय रहते आवश्यक कदम उठाने चाहिए, ताकि भविष्य में अतिक्रमण की स्थिति उत्पन्न न हो। उनका आरोप है कि बार-बार मांग किए जाने के बावजूद मामला प्रक्रिया तक सीमित है।
अतिक्रमण से पहले सुरक्षा की मांग-
स्थानीय लोगों का कहना है कि शासकीय भूमि की स्थिति स्पष्ट करने के लिए सीमांकन कराया जाए और इसके बाद बाउंड्रीवाल अथवा तार फेंसिंग कराई जाए। इससे भूमि की पहचान और सुरक्षा दोनों सुनिश्चित हो सकेंगी।
रहवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि भूमि का सीमांकन कराकर उसकी सुरक्षा के लिए स्थायी इंतजाम किए जाएं। साथ ही संबंधित विभाग शासकीय भूमि की निगरानी सुनिश्चित करें, ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार के अतिक्रमण की संभावना को रोका जा सके।