भोपाल | के कोतवाली क्षेत्र में बिल्डर के ऑफिस में काम करने वाले युवक ने 13 लाख 88 हजार की धोखाधड़ी की। आरोपी ऑफिस में कैशियर के पद पर तैनात था। करीब दो साल से ऑफिस में काम कर रहा था। इस दौरान हिसाब किताब में हेराफेरी करके लाखों की चपत लगा दी। जब बिल्डर ने ऑडिट कराया तो मामले का खुलासा हुआ। इसके बाद थाने जाकर मामला दर्ज कराया। पुलिस केस दर्ज करके आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।
एसआई सुनील कुमार ने बताया कि रामानंद कालोनी नेवरी मंदिर रोड पहाड़ी, कोहेफिजा के रहने वाले मुकेश राठौर (50) पुत्र स्वर्गीय जीएल राठौर बिल्डर का काम करते हैं। इसके साथ ही ब्याज पर पैसा देने का काम भी करते हैं। मुकेश का पीरगेट स्थित राठौर ग्रुप्स नाम से ऑफिस है। जहां से बिल्डर व ब्याज दोनों का काम करते हैं। मुकेश ने बताया कि 20 अगस्त 2021 को काकड़ा अलंकार हाइट्स करोंद के रहने वाले तरूण विश्वकर्मा (24) पुत्र संदीप विश्वकर्मा को कैशियर के काम के लिए रखा था। इस दौरान तरूण ने हिसाब किताब में गड़बड़ी करके 13 लाख 88 हजार की धोखाधड़ी की। आरोपी ऑफिस खर्च, घर खर्च, बिजली बिल खर्च, गैस सिलेंडर खर्च, किराया राशि के नाम पर गलत एंट्री करके जालसाजी करता रहा।
मुकेश ने बैंक से दो क्रेडिट कार्ड ले रखे थे। एक क्रेडिट कार्ड तरुण को बंद करवाने के लिए दिया। लेकिन उसने बंद नहीं करवाया। कुछ दिन बाद उसमें से 80 हजार का फ्रॉड हुआ तो साइबर सेल में शिकायत कराई। उसके बाद हिसाब में भी कुछ गड़बड़ी मिली। जिसके लिए एक अन्य स्टाफ को उस पर नजर रखने व हिसाब किताब का ऑडिट करने के लिए रखा। जिसमें जालसाज द्वारा धोखाधड़ी का खुलासा हुआ। पुलिस आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।