मनासा। नीमच जिले की मनासा पुलिस को संपत्ति संबंधी अपराधों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत बड़ी सफलता मिली है। वर्ष 2024 से फरार चल रहे 2 हजार रुपये के इनामी एवं शातिर आरोपी सहित दो आरोपियों को गिरफ्तार कर पुलिस ने डकैती, नकबजनी एवं चोरी के कुल 12 मामलों का खुलासा किया है। आरोपियों के कब्जे से 1 किलो 400 ग्राम चांदी के आभूषण एवं 1 लाख 60 हजार रुपये नकद बरामद किए गए हैं। मामले में अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है।
पुलिस अधीक्षक राजेश व्यास के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमलता अग्रवाल एवं अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) मनासा शाबेरा अंसारी के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी निरीक्षक निलेश अवस्थी के नेतृत्व में मनासा पुलिस ने यह कार्रवाई की।
पुलिस के अनुसार थाना मनासा क्षेत्र में वर्ष 2024 से 2026 के बीच घटित डकैती, नकबजनी एवं चोरी जैसे 12 गंभीर संपत्ति संबंधी अपराधों में संलिप्त शातिर एवं 2 हजार रुपये के इनामी आरोपी अश्विन पिता दिलीप बांछड़ा (25) निवासी हाड़ीपिपल्या लंबे समय से फरार चल रहा था। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस द्वारा लगातार सीसीटीवी फुटेज का विश्लेषण किया जा रहा था तथा मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया था।
विश्वसनीय मुखबिर से सूचना मिलने के बाद पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी अश्विन बांछड़ा को गिरफ्तार किया। न्यायालय से पुलिस रिमांड प्राप्त करने के बाद आरोपी से पूछताछ की गई, जिसमें उसकी निशानदेही पर 1 किलो 400 ग्राम चांदी के आभूषण एवं 1 लाख 60 हजार रुपये नकद बरामद किए गए। पूछताछ के दौरान दो अपराधों में संलिप्त उसके साथी आरोपी सुरेन्द्र पिता फुलचंद बांछड़ा (26) निवासी हाड़ीपिपल्या को भी गिरफ्तार किया गया।
पुलिस ने बताया कि आरोपी अश्विन एवं उसके साथियों ने वर्ष 2024 से 2026 के दौरान थाना मनासा क्षेत्र में डकैती, नकबजनी एवं चोरी की कई वारदातों को अंजाम दिया था। आरोपियों की गिरफ्तारी से थाना मनासा के कुल 12 अपराधों का खुलासा हुआ है।
इन आरोपियों की तलाश जारी-
मामले में अन्य फरार आरोपियों शिवम पिता रवि बांछड़ा, राजू उर्फ राजदीप पिता सुरेश बांछड़ा, सुरेन्द्र उर्फ सुरेश पिता शंभूलाल बांछड़ा एवं अनुज पिता पप्पूलाल बांछड़ा, सभी निवासी हाड़ीपिपल्या की पुलिस द्वारा तलाश की जा रही है।
12 मामलों का हुआ खुलासा-
गिरफ्तार आरोपियों ने वर्ष 2024 एवं 2026 के दौरान थाना मनासा में दर्ज डकैती, नकबजनी एवं चोरी के कुल 12 अपराधों में अपने साथियों के साथ मिलकर वारदातों को अंजाम दिया था। इनमें भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) एवं पूर्ववर्ती भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की विभिन्न धाराओं के तहत दर्ज मामले शामिल हैं।
सराहनीय रही पुलिस टीम की भूमिका-
उक्त संपत्ति संबंधी अपराधों का खुलासा करने एवं आरोपियों की गिरफ्तारी में थाना प्रभारी निरीक्षक निलेश अवस्थी सहित मनासा पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका रही। पुलिस द्वारा फरार आरोपियों की तलाश एवं अन्य बिंदुओं पर जांच जारी है।