मनासा। जिले में मानसून की दस्तक हुए डेढ़ महीने से अधिक बीत गए, लेकिन इस बार बरसात पिछले साल से कम है। इस साल मानसून के कमजोर रहने का नतीजा ये कि जिले में बांध-तालाब 65 फीसदी खाली पड़े हैं। तालाब खाली रह गए तो रबी सीजन में सिंचाई के लिए दिक्कतें खड़ी हो सकती है। तालाब नहीं भरने से भूजल स्तर भी प्रभावित होगा। मनासा का बड़ा तालाब, चंबलेश्वर बांध सहित कई गांवों में सिंचाई और पेयजल उपलब्ध करवाने वाले बांध और तालाब में भी कुल क्षमता का 60 प्रतिशत पानी ही भरा है। मौसम विभाग के अधिकारियों का कहना है कि अभी बारिश की संभावनाएं है। संबंधित क्षेत्र में बारिश होते ही तालाब भर जाएंगे। हालांकि अभी किसान आगामी रबी की फसल की तैयारी में जुट गए हैं।