मोरवन। मीठी वाणी ,खुशमीजाजी , शैक्षिक कर्तव्य में पारंगत, पढ़ाई में सख्त स्वभाव के धनी एवं अपनी पीढ़ी के अच्छे ड्राईंग आर्टीस्ट समीपस्थ ग्राम जनकपुर निवासी श्री लाल जी का 91 वर्ष की उम्र में देहावसान हो गया। जीवन के अंतिम समय में वे अस्वस्थ थे। आपने डीकैन , सिंगोली , धमनार , जनकपुर में शिक्षा की जोत जलाए रखी । आपसे शिक्षा प्राप्त विद्यार्थी उच्य पदों पर रहे वहीं कई परिवारों में शिक्षा का प्रसार किया। तत्कालीन विषम समय में गांव या आसपास के क्षेत्रों में वैवाहिक परिवार में स्वागत द्वार व कलात्मक स्वरूप प्रदान करने में आप सदैव निशुल्क सेवाएं देते थे। मुक्ति धाम पर आयोजित श्रद्धांजलि सभा में शिक्षक बालमुकुंद पाटीदार, जगदीश झिरमिर , संदीप सोनी , अशोक पाटीदार लासुर पूर्व जनपद उपाध्यक्ष जावद व शिक्षा समिति अध्यक्ष द्वारा शोकाजंलि अर्पित की । जिसमें दिवंगत सर के मार्गदर्शी कृतित्व पर प्रकाश डाला। तदैव दिवगंत आत्मा को मोक्ष देने एवं सभी को ये दुख सहन करने की शक्ति देने की प्रार्थना हेतु दो मिनट का मौन रखा गया। उपरोक्त जानकारी पत्रकार आशीष बैरागी ने दी।