उमरिया। जिले की शान और कला के क्षेत्र में जिले सहित प्रदेश का नाम रोशन करने वाली पद्मश्री सम्मानित जोधइया अम्मा को आज नम आंखों से विदाई दी गई। अम्मा का ग्रह ग्राम लोढ़ा में सोमवार को अंतिम संस्कार किया गया। रविवार को शाम लंबी बीमारी के बाद उनका निधन हो गया।
सोमवार को जिले के कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक अम्मा के घर पहुंच कर पुष्प अर्पित किए। अम्मा को कंधा देकर अंतिम संस्कार में शामिल हुए। जिले के अधिकारियों ने भी अम्मा के घर पहुंच कर अम्मा को पुष्प अर्पित किए। जनप्रतिनिधि भी अम्मा के घर पहुंच कर पुष्प अर्पित करने के साथ अम्मा के अंतिम यात्रा में शामिल हुए।
बता दें कि जोधइया अम्मा की पेंटिंग विदेशों में भी मशहूर है। उन्हें 22 मार्च, 2023 को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने पद्मश्री और 8 मार्च, 2022 को तत्कालीन राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने नारी शक्ति सम्मान से सम्मानित किया था।
अम्मा के दो बेटे थे। बड़े बेटे की अगस्त 2023 और छोटे बेटे की मौत अगस्त 2024 में हो गई थी। परिवार में अब दो बहुएं,दो नाती और तीन नातिन है। एक बेटी है, जिसकी शादी हो गई है।
दो साल पहले मिला था पद्मश्री सम्मान
अम्मा की बनाई पेंटिंग विदेशों में भी प्रसिद्ध हैं। उनकी इस प्रसिद्धि के पीछे लंबा संघर्ष था। पति की मौत बाद अम्मा ने बच्चों के लालन पालन के लिए मजदूरी की, फिर जनजातीय कला की बारीकियां सीखकर यह मुकाम हासिल किया था।