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October 29, 2025, 7:02 pm
NEWS : मूंगफली की समर्थन मूल्य पर खरीद की सीमा 25 प्रतिशत ही होने से हजारों किसान एमएसपी से वंचित, अन्नदाताओं के हित में नगर किसान कांग्रेस ने खरीद का कोटा बढ़ाने के लिए मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन, पढ़े रेखा खाबिया की खबर

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चित्तौड़गढ़। राजस्थान सरकार द्वारा मूँगफली खरीदी को मात्र 25 प्रतिशत किसानों तक सीमित करने के निर्णय के विरोध में प्रदेशभर के किसानों में रोष व्याप्त है। किसानों के हक़ और न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की गारंटी की मांग को लेकर नगर किसान कांग्रेस, निंबाहेड़ा ने आज जोरदार प्रदर्शन करते हुए मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन उपखंड अधिकारी को सौंपा।
यह ज्ञापन नगर किसान कांग्रेस अध्यक्ष अंकित जाट के नेतृत्व में बुधवार को प्रातः 11 बजे उपखंड कार्यालय पर सौंपा गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में किसान एकत्रित होकर अपने अधिकारों की रक्षा हेतु एकजुट हुए और सरकार के इस निर्णय के विरोध में जमकर नारेबाज़ी की।
अध्यक्ष अंकित जाट ने कहा कि राज्य सरकार का यह निर्णय किसानों के साथ अन्यायपूर्ण है, जिससे प्रदेश के हजारों किसान MSP का लाभ लेने से वंचित हो जाएंगे। उन्होंने कहा कि जब सरकार किसानों से उनके पसीने की कमाई का उचित मूल्य देने का वादा करती है, तो खरीदी की सीमा तय करना उनके अधिकारों का हनन है।
उन्होंने कहा कि किसान कांग्रेस की माँग है कि मूँगफली खरीदी की सीमा को 25 प्रतिशत से बढ़ाकर सभी पात्र किसानों तक लागू किया जाए।
खरीदी पंजीकरण की ऑनलाइन प्रक्रिया को ऑफ़लाइन प्रणाली में परिवर्तित किया जाए, जिससे ग्रामीण किसानों को आसानी से पंजीकरण कराने में सुविधा हो। खरीदी प्रक्रिया गिरदावरी (फसल रजिस्टर) के आधार पर की जाए ताकि वास्तविक किसानों को लाभ मिल सके।
यदि सरकार द्वारा समय पर खरीदी नहीं की जाती है, तो MSP और मंडी मूल्य के अंतर की राशि किसानों को भावांतर के रूप में सीधे दी जाए।
अंकित जाट ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने शीघ्र इस निर्णय को वापस नहीं लिया, तो किसान कांग्रेस प्रदेशभर में आंदोलन को और तेज करेगी। उन्होंने कहा “किसान केवल एक उत्पादक नहीं, बल्कि देश की रीढ़ है। उसके साथ किसी भी प्रकार का भेदभाव स्वीकार नहीं किया जाएगा।”
ज्ञापन सौंपने के दौरान किसानों ने “यह आवाज़ हमारे अधिकारों की है, यह संघर्ष हमारी आजीविका का है  किसान एकता ज़िंदाबाद!” के नारों से पूरा परिसर गुंजा दिया।
इस अवसर पर निंबाहेड़ा विधानसभा युवा कांग्रेस अध्यक्ष जसवंत सिंह आँजना, नगर कांग्रेस सेवादल अध्यक्ष दिनेश गुप्ता, लसडावन मंडल कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष विक्रम अहीर, युवा कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष बलवंत जाट, नगर युवा कांग्रेस अध्यक्ष रोमिल चौधरी, एनएसयूआई विधानसभा अध्यक्ष दीपक धाकड़, एनएसयूआई ब्लॉक अध्यक्ष भंवर सिंह शक्तवात, एसटी प्रकोष्ठ नगर अध्यक्ष राजू भील, टाई सरपंच प्रहलाद गुर्जर, युवा कांग्रेस ढोरिया मंडल अध्यक्ष उदयलाल मेनारिया, नगर कांग्रेस कमेटी महासचिव दिग्वेंद्र प्रताप सिंह, महासचिव शमशू कमर, नगर कांग्रेस प्रवक्ता रवि जाजपुरा, पूर्व सरपंच शांतिलाल जाट (गुड़ाखेड़ा), पूर्व एनएसयूआई ब्लॉक अध्यक्ष संजय उपाध्याय, युवा कांग्रेस विधानसभा सचिव रतन मेघवाल, युवा कांग्रेस ब्लॉक सचिव विकास धाकड़, शिवलाल जाट, विक्रम जाट (बाडी), कांशीराम, ललित सालवी, दिलखुश मीणा, दशरथ जटिया, दिलीप धाकड़, सत्तू धाकड़, सिद्धार्थ साहू, कुलदीप झाला, अजय जाट, विवेक जाट, कैलाश तेली, दीपक भाटी, विशाल जाट सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।
सभी ने एक स्वर में कहा कि जब तक किसानों को उनका हक़ नहीं मिलेगा, तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा। किसान कांग्रेस ने इस ज्ञापन के माध्यम से सरकार को चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र निर्णय वापस नहीं लिया गया तो प्रदेशव्यापी आंदोलन की रूपरेखा तय की जाएगी।

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