चित्तौड़गढ़। राजस्थान सरकार के पूर्व राज्यमंत्री सुरेंद्र सिंह जाड़ावत ने कहा है कि बजट 2026 युवाओं, किसानों और मध्यम वर्गीय परिवारों के लिए निराशाजनक साबित हुआ है। उन्होंने बताया कि आम जनता को कोई राहत नहीं दी गई है और आयकर स्लैब में कोई बदलाव नहीं होने से मध्यम वर्ग पर कोई लाभ नहीं पहुंचा।
जाड़ावत ने कहा कि युवाओं की बेरोजगारी को लेकर बजट में कोई ठोस प्रावधान नहीं किया गया। राजस्थान को भी इस बजट में कोई विशेष लाभ या सौगात नहीं दी गई, जिससे डबल इंजन सरकार के बावजूद राज्य के साथ सौतेला व्यवहार सामने आया।
उन्होंने यह भी कहा कि 7 हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर की घोषणा तो हुई है, लेकिन पहले से चले आ रहे बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट वर्षों बाद भी धरातल पर नहीं आए हैं। किसानों की मांग के बावजूद डैच् की कानूनी गारंटी को इस बजट में नजरअंदाज किया गया।
जाड़ावत ने यह भी बताया कि शेयर बाजार ने इस बजट को निराशाजनक माना। निवेशकों को शॉर्ट टर्म और लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन में राहत की उम्मीद थी, लेकिन उसे नजरअंदाज किए जाने और ैज्ज् बढ़ाए जाने से बाजार में निराशा छाई रही।
पूर्व राज्यमंत्री ने कहा, “ओवरऑल, यह बजट आम जनता को राहत देने वाला नहीं है और इसे शून्य उम्मीदों वाला बजट कहा जा सकता है।”