आष्टा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव रविवार दोपहर सीहोर जिले के आष्टा पहुंचे हैं। उन्होंने यहां रोड शो किया। कन्नौज रोड मंडी गेट से शुरू हुए रोड शो का जगह-जगह फूल मालाओं से स्वागत किया गया। रोड शो सांदीपनी विद्यालय पहुंचा। यहां सीएम ने क्लास में जाकर छात्र-छात्राओं से संवाद भी किया।
115 करोड़ के कार्यों का लोकार्पण
मुख्यमंत्री ने करीब 115 करोड़ 32 लाख रुपए की लागत से विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण किया। इनमें आष्टा नगर पालिका के वार्ड-16 घनश्यामपुरा में आंगनवाड़ी भवन, पार्वती नदी पर घाट निर्माण, जावर में नेवज नदी सुधार और पुलिया निर्माण शामिल हैं।
इसके अलावा, आष्टा और जावर में सांदीपनि विद्यालय भवन, सिद्धिकगंज में उप तहसील कार्यालय, आष्टा में एसडीएम कार्यालय, मेहतवाड़ा में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और आष्टा-शुजालपुर मार्ग से जुड़े पुलों का भी लोकार्पण किया।
69 करोड़ के कार्यों का भूमिपूजन
कार्यक्रम में 69 करोड़ 60 लाख रुपए के निर्माण कार्यों का भूमिपूजन भी किया गया। इनमें सड़क निर्माण, सरकारी स्कूल भवन, पुलिस आवास, छात्रावास और थाना भवन शामिल हैं। इसके साथ ही पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के 96 कार्य, 54 सामुदायिक भवन, कोठरी नगर परिषद की पेयजल योजना और आष्टा में आरसीसी नाला निर्माण जैसे कार्य भी शुरू किए गए।
1 करोड़ 25 लाख लाड़ली बहनों के खाते में ट्रांसफर की राशि
सीएम यहां महिला सशक्तिकरण सम्मेलन में हुए। इस दौरान उन्होंने करोड़ों रुपए के विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमि पूजन किया। सीएम ने इस दौरान प्रदेश की इस दौरान 1 करोड़ 25 लाख लाड़ली बहनों के खाते में 1 हजार 836 करोड़ रुपए एक क्लिक में ट्रांसफर किए।
लाड़ली बहनों से बोले-तुम्हारा भैया मोहन हमेशा तुम्हारे साथ
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आष्टा में आयोजित महिला शक्ति सम्मेलन को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने उपस्थित लाड़ली बहनों से कहा कि “तुम्हारा भैया मोहन हमेशा आपके साथ है, सुख-दुख में मध्य प्रदेश सरकार हर समय साथ खड़ी है।”
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में अब तक लाड़ली बहना योजना के तहत करीब 55 हजार करोड़ रुपये की राशि बहनों को वितरित की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि सरकार लगातार महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए काम कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष हमेशा लाड़ली बहना योजना का विरोध करता रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने यहां तक कहा कि लाड़ली लक्ष्मी योजना की राशि का गलत उपयोग किया जाता है।
मांग पत्र को मिली स्वीकृति
इस मौके पर मुख्यमंत्री ने आष्टा के विधायक और सांसद द्वारा सौंपे गए मांग पत्र पर चर्चा करते हुए उसमें शामिल सभी मांगों को स्वीकृति दी।
कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने कहा कि आष्टा की यह धरती उनके लिए ऐतिहासिक रही, क्योंकि यहां से बड़ी संख्या में बहनों को सीधे आर्थिक सहायता प्रदान की गई है।