रामपुरा। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय, रामपुरा में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और श्रीकृष्ण एवं राधा के स्वरूप में सजकर सभी का मन मोह लिया।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों द्वारा मनमोहक नृत्य एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गईं। बच्चों की प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में भक्ति और उल्लास का वातावरण बना दिया।
इस अवसर पर बीके दिव्या दीदी ने जन्माष्टमी के आध्यात्मिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि श्रीकृष्ण का जीवन हमें पवित्रता, प्रेम, शांति, सद्भाव और श्रेष्ठ संस्कारों को अपनाने की प्रेरणा देता है। उन्होंने कहा कि जन्माष्टमी केवल उत्सव मनाने का अवसर नहीं, बल्कि अपने जीवन में श्रेष्ठ गुणों को धारण करने और आत्मिक उन्नति की प्रेरणा लेने का पर्व है। ब्रह्माकुमारीज की आध्यात्मिक व्याख्या में भी जन्माष्टमी को श्रीकृष्ण के दिव्य गुणों और पवित्र जीवन से प्रेरणा लेने का अवसर माना जाता है।
कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने बच्चों की प्रस्तुतियों की सराहना की तथा जन्माष्टमी पर्व के आध्यात्मिक संदेश को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का वातावरण भक्ति, खुशी और आध्यात्मिक ऊर्जा से भरपूर रहा।