नीमच। जिले के डूंगलावदा स्थित कर्नाटक महाराष्ट्र रोड लाइंस पर 22 जनवरी को संतोष पिता रमेश मेघवाल की मौत के मामले में खुलासा ना हो पाने से नाराज़ भीम आर्मी आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को लामबंद होकर नीमच एसपी कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा।
बताते चलें कि 22 जनवरी को हुई इस रहस्यमई मौत का अभी तक पुलिस पर्दाफाश नहीं कर पाई है। मृतक संतोष के परिजनों का कहना है कि जिस स्थिति में लाश मिली है वह स्पष्ट तौर पर हत्या की ओर इशारा करती है। क्योंकि संतोष की जो लाश मिली थी उसमें दोनों हाथ पीछे से बंधे हुए थे और मुंह पर कपड़ा बंधा हुआ था।
कलेक्टर और एसपी के नाम दिए गए ज्ञापन में कहा गया है कि 30 जनवरी को धारा 302 के तहत अपराध दर्ज करने के बाद पुलिस ने कोई कार्यवाही नहीं की। एडिशनल एसपी नवल सिंह सिसोदिया को दिए गए ज्ञापन में मांग की गई है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआईटी का गठन कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाए। मृतक के परिजनों को 50 लाख रुपए का आर्थिक मुआवजा दिया जाए। मृतक के परिवार के किसी सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए। भीम आर्मी ने चेतावनी दी है कि यदि 7 दिन में मामले का खुलासा नहीं किया गया तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। ज्ञापन देने से पूर्व भीम आर्मी के कार्यकर्ता पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सुनील अस्तेय के मार्गदर्शन में बड़ी संख्या में मैसी फर्ग्यूसन शोरुम चौराहा अंबेडकर सर्किल पर इकट्ठा हुए। यहां से सभी नारेबाजी करते हुए रैली के रूप में एसपी कार्यालय पहुंचे। इस दौरान राष्ट्रीय अनुसूचित जाति जनजाति युवा संघ नाजी के कार्यकर्ताओं ने भी उपस्थित रहकर ज्ञापन दिया। इस दौरान भारी पुलिस बल भी मौजूद रहा।