चित्तौड़गढ़। शंकरपुरम स्थित श्री सिद्धेश्वर महादेव मंदिर प्रांगण में सोमवार को कॉलोनीवासियों द्वारा शीतला माता का चबूतरा बनाकर विधि-विधान से स्थापना की गई। इस अवसर पर हवन-पूजन कर क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की गई।
धार्मिक मान्यता के अनुसार होली के बाद आने वाली सप्तमी को शीतला माता की पूजा का विशेष महत्व होता है। इस दिन से एक दिन पूर्व माता के लिए भोजन तैयार किया जाता है और सप्तमी के दिन ठंडे भोजन से माता की पूजा की जाती है। महिलाएं सुबह जल्दी उठकर माता शीतला की पूजा कर परिवार की खुशहाली की कामना करती हैं।
इस वर्ष सप्तमी का दिन मंगलवार को होने के कारण पूजा का आयोजन बुधवार को किया गया। नवनिर्मित शीतला माता मंदिर में शंकरपुरम, शिव विहार और शिवपुरम क्षेत्र की बड़ी संख्या में महिलाओं ने पहुंचकर पूजा-अर्चना की। क्षेत्र में पहले शीतला माता का मंदिर नहीं होने के कारण कॉलोनीवासियों के सुझाव पर चबूतरा बनाकर माता की स्थापना की गई, जिससे क्षेत्र में खुशी का माहौल रहा।
शीतला माता की स्थापना पंडित हर्षल व्यास द्वारा मंत्रोच्चार के साथ हवन कराकर कराई गई। हवन में स्थानीय निवासी महावीर पारीक सपत्नीक ने आहुतियां दीं। इस अवसर पर रजनीश शर्मा, जगपाल सिंह शक्तावत सहित कॉलोनी के कई श्रद्धालु और महिलाएं उपस्थित रहीं।